भारत में ऑनलाइन नियम कड़े होने से गूगल ने बिना सहमति वाली तस्वीरों की रिपोर्ट करना आसान कर दिया है
गूगल ने अपनी सर्च इंजन नीतियों में सुधार करते हुए 'नॉन-कंसेंशियल एक्सप्लिसिट इमेज' (बिना सहमति के साझा की गई अश्लील तस्वीरें) को हटाने की प्रक्रिया को सरल बना दिया है।
11 Feb 2026
|
18
1. गूगल (Google): आपत्तिजनक सामग्री हटाना हुआ आसान
गूगल ने अपनी सर्च इंजन नीतियों में सुधार करते हुए 'नॉन-कंसेंशियल एक्सप्लिसिट इमेज' (बिना सहमति के साझा की गई अश्लील तस्वीरें) को हटाने की प्रक्रिया को सरल बना दिया है।
सरल प्रक्रिया: अब उपयोगकर्ता सर्च रिजल्ट में तस्वीर के ऊपर बने तीन डॉट्स पर क्लिक करके सीधे 'रिमूव रिजल्ट' का विकल्प चुन सकते हैं।
मल्टीपल रिपोर्टिंग: अब एक-एक करके इमेज रिपोर्ट करने के बजाय, एक ही फॉर्म के जरिए कई तस्वीरों को हटाने का अनुरोध किया जा सकता है।
प्रोएक्टिव सुरक्षा: गूगल अब ऐसे सुरक्षा विकल्प भी दे रहा है जो भविष्य में समान सर्च परिणामों को आने से पहले ही फिल्टर कर देंगे।
ट्रैकिंग सुविधा: उपयोगकर्ता अपने अनुरोध की स्थिति को 'रिजल्ट्स अबाउट यू' (Results about you) टैब में ट्रैक कर पाएंगे।
2. स्नैपचैट (Snapchat): 'अराइवल नोटिफिकेशन' का विस्तार
स्नैपचैट ने अपने 'होम सेफ' (Home Safe) फीचर को अपग्रेड किया है।
एनी लोकेशन अलर्ट: अब उपयोगकर्ता न केवल घर, बल्कि किसी भी स्थान (जैसे जिम, क्लास या ऑफिस) पर सुरक्षित पहुँचने का अलर्ट अपने दोस्तों और परिवार को भेज सकते हैं।
ऑटोमेटेड अपडेट्स: यह फीचर वन-टाइम या रिकरिंग (बार-बार होने वाले) अलर्ट के रूप में सेट किया जा सकता है। इससे यात्रा के दौरान बार-बार मैसेज भेजने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
गोपनीयता: यह अलर्ट केवल उन्हीं दोस्तों को जाएगा जिन्हें उपयोगकर्ता ने 'स्नैप मैप' पर अपनी लोकेशन देखने की अनुमति दी है।
3. ओपनएआई (OpenAI): भारतीय किशोरों के लिए ब्लूप्रिंट
ओपनएआई ने भारत में किशोरों (Teens) की सुरक्षा के लिए एक विशेष 'टीन सेफ्टी ब्लूप्रिंट' पेश किया है।
उम्र के अनुसार प्रतिक्रिया: चैटजीपीटी (ChatGPT) अब 15 वर्षीय किशोर और एक वयस्क को अलग-अलग तरीके से जवाब देगा।
पैरेंटल कंट्रोल: माता-पिता अपने अकाउंट को अपने बच्चों के अकाउंट से लिंक कर सकेंगे, 'ब्लैकआउट ऑवर्स' (समय सीमा) तय कर सकेंगे और चैट हिस्ट्री को मैनेज कर पाएंगे।
गंभीर सुरक्षा: यदि कोई यूजर आत्महत्या या आत्म-नुकसान से जुड़े विचार व्यक्त करता है, तो एआई उसे तत्काल विशेषज्ञ सहायता और संसाधनों की ओर निर्देशित करेगा।
4. भारत के नए आईटी नियम 2026: मुख्य बदलाव
सरकार ने IT नियम 2021 में संशोधन करते हुए समय सीमा को बेहद कम कर दिया है (प्रभावी तिथि: 20 फरवरी 2026):
| सामग्री का प्रकार | पुरानी समय सीमा | नई समय सीमा |
|---|---|---|
| बिना सहमति के निजी/अश्लील सामग्री | 24 घंटे | 2 घंटे |
| अन्य अवैध सामग्री (Unlawful Content) | 36 घंटे | 3 घंटे |
| AI कंटेंट लेबलिंग | अनिवार्य नहीं | प्रमुखता से अनिवार्य |
नोट: एआई-जनित सामग्री (जैसे डीपफेक) पर अब स्पष्ट लेबल लगाना अनिवार्य होगा। सरकार ने 10% स्क्रीन स्पेस वाले पुराने प्रस्ताव को हटाकर अब केवल 'प्रमुखता से दिखने वाले' लेबल को अनिवार्य किया है।