देश दहलाने की बड़ी साजिश नाकाम: दिल्ली पुलिस ने तमिलनाडु से दबोचे 6 संदिग्ध आतंकी, ISI और बांग्लादेशी संगठनों से जुड़े तार
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को एक बड़ी खुफिया जानकारी के बाद बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। तमिलनाडु के विभिन्न हिस्सों से छह संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और बांग्लादेशी आतंकी संगठनों के इशारे पर भारत में बड़े हमले की फिराक में थे। गिरफ्तार आरोपियों में एक बांग्लादेशी नागरिक भी शामिल है।
22 Feb 2026
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नई दिल्ली/चेन्नई: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल को एक बड़ी खुफिया जानकारी के बाद बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। तमिलनाडु के विभिन्न हिस्सों से छह संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है, जो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और बांग्लादेशी आतंकी संगठनों के इशारे पर भारत में बड़े हमले की फिराक में थे। गिरफ्तार आरोपियों में एक बांग्लादेशी नागरिक भी शामिल है।
गारमेंट फैक्ट्री में छिपे थे 'स्लीपर सेल'
पुलिस के अनुसार, ये सभी संदिग्ध तमिलनाडु के गारमेंट हब में अपनी पहचान छिपाकर रह रहे थे। इनकी गिरफ्तारी निम्नलिखित इलाकों से हुई है:
उथुकुली: 2 आरोपी
पल्लडम: 3 आरोपी
तिरुमुरुगनपूंडी: 1 आरोपी
जांच में सामने आया कि ये आरोपी फर्जी आधार कार्ड का इस्तेमाल कर रहे थे और स्थानीय गारमेंट इंडस्ट्री में कामगार बनकर रह रहे थे ताकि किसी को उन पर शक न हो।
पकड़े गए संदिग्धों की पहचान
गिरफ्तार किए गए लोगों के नाम मिजानुर रहमान, मोहम्मद शबात, उमर, मोहम्मद लितान, मोहम्मद शाहिद और मोहम्मद उज्जल हैं। प्रारंभिक जांच के अनुसार, ये सभी आरोपी सोशल मीडिया पर पाकिस्तान समर्थित आतंकी प्रोपेगेंडा फैलाने और संदिग्ध हैंडलर्स के सीधे संपर्क में थे।
बरामदगी और साजिश के सबूत
ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्य जुटाए हैं जो किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करते हैं:
8 मोबाइल फोन और 16 सिम कार्ड: इनका उपयोग कोडवर्ड में बात करने और सीमा पार बैठे आकाओं से निर्देश लेने के लिए किया जा रहा था।
रेकी के सबूत: संदिग्धों पर कई प्रमुख शहरों की रेकी करने का आरोप है। दिल्ली में हाल ही में लगे 'फ्री कश्मीर' के पोस्टरों के पीछे भी इन्हीं का हाथ होने का संदेह जताया जा रहा है।
आपत्तिजनक सामग्री: आरोपियों के पास से डिजिटल और भौतिक रूप में ऐसी सामग्री मिली है, जो देश विरोधी गतिविधियों की पुष्टि करती है।
दिल्ली लाया जा रहा है गिरोह
विशेष सेल की टीम सभी आरोपियों को ट्रेन के जरिए दिल्ली ला रही है। पुलिस का मानना है कि इन संदिग्धों से पूछताछ के बाद भारत में सक्रिय अन्य 'स्लीपर सेल्स' और उनके ठिकानों का खुलासा हो सकता है।
"इनका प्राथमिक उद्देश्य भारत में शांति भंग करना और बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान पहुंचाना था। हम इनके मोबाइल डेटा की गहन जांच कर रहे हैं ताकि पूरे नेटवर्क का ताना-बाना समझा जा सके।" — दिल्ली पुलिस अधिकारी