चाईबासा/रांची: झारखंड के अति नक्सल प्रभावित पश्चिमी सिंहभूम जिले के सारंडा वन क्षेत्र में नक्सलियों ने सुरक्षा बलों को निशाना बनाकर एक बड़ा हमला किया है। मनोहरपुर प्रखंड के छोटानागरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बालिबा गांव के पास हुए इस हमले में कोबरा (CoBRA) बटालियन के एक इंस्पेक्टर सहित पांच जवान घायल हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया गया है।
घात लगाकर किया गया हमला
जानकारी के अनुसार, सुरक्षा बल के जवान सारंडा के चडराडेरा इलाके में नियमित सर्च ऑपरेशन पर थे। इसी दौरान नक्सलियों ने पहले से बिछाए गए IED (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) में विस्फोट कर दिया। धमाके के तुरंत बाद नक्सलियों ने जवानों पर गोलीबारी शुरू कर दी, जिसके जवाब में सुरक्षा बलों ने भी मोर्चा संभाला और मुठभेड़ शुरू हो गई।
घायलों का विवरण और बचाव कार्य
इस हमले में सुरक्षा बलों को निम्नलिखित क्षति हुई है:
IED ब्लास्ट: कोबरा बटालियन 205 के इंस्पेक्टर सत्य प्रकाश विस्फोट की चपेट में आने से गंभीर रूप से घायल हो गए।
मुठभेड़: नक्सलियों के साथ हुई सीधी भिड़ंत में चार अन्य जवान गोली लगने से जख्मी हुए हैं।
चाईबासा के एसपी अमित रेणु ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि घायल जवानों को तत्काल घटना स्थल से निकाला गया। गंभीर स्थिति को देखते हुए जवानों को एयरलिफ्ट कर रांची लाया गया है, जहाँ एक निजी अस्पताल में उनका विशेषज्ञों की देखरेख में इलाज चल रहा है।
"सुनियोजित साजिश" का हिस्सा
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, यह हमला नक्सलियों की एक सोची-समझी रणनीति का परिणाम लगता है। नक्सलियों ने सुरक्षा बलों की आवाजाही वाले रास्तों पर पहले से ही आईईडी प्लांट कर रखे थे।
"सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके में सर्च ऑपरेशन को और अधिक तेज कर दिया है। अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है ताकि नक्सलियों के भागने के सभी रास्तों को सील किया जा सके।" — अमित रेणु, एसपी चाईबासा
सुरक्षा बलों का ऑपरेशन जारी
घटना के बाद से ही सारंडा के घने जंगलों में सुरक्षा एजेंसियों द्वारा सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। सीआरपीएफ, कोबरा और झारखंड पुलिस की संयुक्त टीमें इलाके की घेराबंदी कर नक्सलियों की तलाश में जुटी हैं। अधिकारियों का कहना है कि नक्सलियों के मंसूबों को नाकाम करने के लिए अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक हमलावरों का सुराग नहीं मिल जाता।