नई दिल्ली। खरीफ फसलों के आगामी सीजन से पहले केंद्र सरकार ने देश के करोड़ों अन्नदाताओं को बड़ी सौगात दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई 'आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति' (CCEA) की बैठक में धान के न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में ₹72 प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी गई है। यह फैसला खरीफ मार्केटिंग सीजन 2026-27 के लिए प्रभावी होगा।
धान की नई दरें: एक नजर में
सरकार ने धान की दोनों प्रमुख श्रेणियों—सामान्य और 'ए' ग्रेड—की कीमतों में समान रूप से इजाफा किया है:
सामान्य धान (Common Grade): अब ₹2,441 प्रति क्विंटल (पुराना भाव: ₹2,369)।
ग्रेड-ए धान (A-Grade): अब ₹2,461 प्रति क्विंटल (पुराना भाव: ₹2,389)।
लागत से 50% ज्यादा मुनाफा
केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट फैसलों की जानकारी देते हुए बताया कि नई MSP उत्पादन लागत से कम से कम 50 प्रतिशत अधिक तय की गई है। सरकार का यह कदम किसानों की आय दोगुनी करने और उन्हें खेती के प्रति प्रोत्साहित करने की रणनीति का हिस्सा है।
सरकारी खजाने पर प्रभाव और खरीद का लक्ष्य
सरकार ने इस बार खरीद और भुगतान के लिए व्यापक तैयारी की है:
कुल भुगतान (अनुमानित): किसानों को एमएसपी के रूप में लगभग ₹2.60 लाख करोड़ का भुगतान किया जाएगा।
खरीद लक्ष्य: सरकार ने इस सीजन में 824.41 लाख टन धान की वार्षिक खरीद का अनुमान लगाया है।
महत्वपूर्ण आंकड़े: खरीफ 2026-27
| विवरण | पुरानी दर (प्रति क्विंटल) | नई दर (प्रति क्विंटल) | कुल वृद्धि |
|---|---|---|---|
| सामान्य धान | ₹2,369 | ₹2,441 | ₹72 |
| ग्रेड-ए धान | ₹2,389 | ₹2,461 | ₹72 |
निष्कर्ष
धान की कीमतों में इस समयोचित वृद्धि से न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था में नकदी का प्रवाह बढ़ेगा, बल्कि सितंबर-अक्टूबर में शुरू होने वाले मार्केटिंग सीजन के दौरान किसानों को अपनी उपज का सही मूल्य मिलने की गारंटी भी मिलेगी। जानकारों का मानना है कि इस फैसले से धान की बुवाई के रकबे में भी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।