कनाडा में दिल दहलाने वाला हादसा: केरल के 27 वर्षीय MMA फाइटर ऋषिकेश की भालू के हमले में मौत, UFC का सपना टूटा

सस्केचेवान की यूरेनियम साइट पर काम करने के दौरान हुआ जानलेवा हमला; सहकर्मी ने भालू को गोली मारी। प्रांत के इतिहास में 43 साल बाद भालू के हमले में किसी पुरुष की मौत का यह पहला मामला।

29 May 2026  |  46

 

 

 

ओटावा / तिरुवनंतपुरम: कनाडा के सस्केचेवान प्रांत से एक बेहद दर्दनाक और हैरान करने वाली घटना सामने आई है। यहाँ यूरेनियम की खोज (Uranium Exploration) से जुड़ी एक साइट पर काम करने के दौरान भालू के भीषण हमले में केरल के रहने वाले एक होनहार मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स (MMA) फाइटर ऋषिकेश कोलोथ की मौत हो गई। 27 वर्षीय ऋषिकेश पिछले एक दशक से अधिक समय से मुक्केबाजी और एमएमए की ट्रेनिंग ले रहे थे और उनका सपना दुनिया की सबसे बड़ी एमएमए संस्था यूएफसी (UFC) में भारत का प्रतिनिधित्व करने का था।

ऋषिकेश तीन साल पहले ब्रिटिश कोलंबिया के पेंटिक्टन में रहने वाले अपने बड़े भाई अर्जुन के साथ रहने के लिए कनाडा शिफ्ट हुए थे। वे वैंकूवर स्थित 'यूरेनियमएक्स डिस्कवरी कॉर्प' द्वारा संचालित 'जू बे प्रॉपर्टी' पर एक कॉन्ट्रैक्ट तकनीशियन के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे।

नॉर्डबी झील के पास हुआ हमला, सहकर्मी ने भालू को उतारा मौत के घाट

यह दिल दहला देने वाली घटना सस्काटून से लगभग 850 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में स्थित नॉर्डबी झील के पास 8 मई को हुई। ऋषिकेश जब साइट पर काम कर रहे थे, तभी अचानक एक जंगली भालू ने उन पर जानलेवा हमला कर दिया।

मौके पर की गई कार्रवाई: इस खूंखार हमले को देख साइट पर मौजूद एक अन्य नागरिक कर्मचारी ने तत्परता दिखाते हुए राइफल से भालू को गोली मार दी, जिससे भालू की मौके पर ही मौत हो गई। हालांकि, तब तक ऋषिकेश गंभीर रूप से घायल हो चुके थे और उन्हें बचाया नहीं जा सका।

फिलहाल, भालू के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सस्काटून के 'वेस्टर्न कॉलेज ऑफ वेटरनरी मेडिसिन' भेजा गया है, ताकि जांचकर्ता भालू की शारीरिक स्थिति, स्वास्थ्य और उन कारणों का पता लगा सकें जिनकी वजह से उसने इंसान पर इतना आक्रामक हमला किया।

एजेंसियां कर रही हैं जांच; कंपनी के सीईओ ने जताया दुख

इस संवेदनशील मामले की गंभीरता को देखते हुए कनाडा की शीर्ष सुरक्षा और संरक्षण एजेंसियां एक साथ मिलकर जांच में जुट गई हैं। इनमें शामिल हैं:

रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP)

कंजर्वेशन ऑफिसर सर्विस की वाइल्डलाइफ ह्यूमन अटैक रिस्पॉन्स टीम

सस्केचेवान कोरोनर्स सर्विस

हादसे पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए यूरेनियमएक्स डिस्कवरी कॉर्प के सीईओ एसेन बोल्डखू ने कहा कि उनके कर्मचारियों और कॉन्ट्रैक्टर्स की सुरक्षा हमेशा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता रही है और वे इस कठिन समय में पीड़ित परिवार के साथ खड़े हैं।

अधूरा रह गया यूएफसी (UFC) का सपना

कनाडा के प्रतिष्ठित मीडिया आउटलेट सीबीसी (CBC) से बात करते हुए ऋषिकेश के बड़े भाई अर्जुन ने बेहद भावुक होते हुए कहा, "UFC में लड़ना ही उसका सबसे बड़ा सपना था। वह इसीलिए कनाडा आया था ताकि उसे बेहतर ट्रेनिंग और मौके मिल सकें।" अर्जुन ने बताया कि ऋषिकेश पेंटिक्टन के 'स्कोडेन मार्शल आर्ट्स' में कड़ा अभ्यास करते थे और कोच व साथी खिलाड़ियों को उनसे काफी उम्मीदें थीं।

सस्केचेवान में भालू का हमला बेहद दुर्लभ: इतिहास का चौथा मामला

वाइल्डलाइफ एक्सपर्ट्स के अनुसार, सस्केचेवान प्रांत के इतिहास में भालू के हमले में किसी इंसान की मौत का यह केवल चौथा रिकॉर्डेड मामला है, जो यह दर्शाता है कि ऐसी घटनाएं यहाँ कितनी दुर्लभ हैं:

वर्षस्थान / पीड़ितस्थिति
मई 2026नॉर्डबी झील (ऋषिकेश कोलोथ, 27 वर्ष)काम के दौरान हमला
अगस्त 2020बफेलो नैरोज के उत्तर में (44 वर्षीय महिला)भालू के हमले में मौत
1983निपाविन प्रांतीय पार्क (दो अलग-अलग पुरुष)दो अलग-अलग घटनाओं में मौत

ऋषिकेश की इस असामयिक और दर्दनाक मृत्यु ने न केवल केरल में रह रहे उनके परिवार को झकझोर कर रख दिया है, बल्कि खेल जगत ने भी एक उभरते हुए और जुनूनी एथलीट को हमेशा के लिए खो दिया है।

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