विशेष संवाददाता

रांची/देवघर: झारखंड के देवघर में आयोजित होने वाले विश्व प्रसिद्ध राजकीय श्रावणी मेला 2026 की तैयारियां तेज हो गई हैं। इस वर्ष 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलने वाले इस महीने भर लंबे धार्मिक आयोजन में सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को दुरुस्त करने के लिए व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। राज्य के पर्यटन, कला-संस्कृति एवं खेलकूद मंत्री सुदिव्य कुमार की अध्यक्षता में हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा से जुड़े कई ऐतिहासिक फैसले लिए गए।

VIP/VVIP दर्शन पर पूर्ण प्रतिबंध

सरकार ने स्पष्ट किया है कि मेले की पूरी अवधि (30 जुलाई से 28 अगस्त) के दौरान किसी भी प्रकार के 'आउट ऑफ टर्न' यानी VIP और VVIP दर्शन पूरी तरह स्थगित रहेंगे। इस निर्णय का मुख्य उद्देश्य आम कांवरियों और श्रद्धालुओं को बिना किसी रुकावट के सुलभ व समान रूप से बाबा बैद्यनाथ के दर्शन कराना है।

पहली बार AI और आधुनिक तकनीक का अभेद्य पहरा

मेला क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को हाई-टेक बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीकों की तैनाती की जाएगी:

एआई इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम: पूरे मेला परिसर की निगरानी के लिए सेंट्रलाइज्ड एआई कंट्रोल रूम स्थापित होगा।

स्मार्ट surveillance: फेस रिकॉग्निशन सिस्टम (FRS), एआई कैमरे, एआई ड्रोन और हाई-क्वालिटी ANPR (स्वचालित नंबर प्लेट पहचान) कैमरे लगाए जाएंगे।

भीड़ नियंत्रण: श्रद्धालुओं की सटीक संख्या का आकलन करने के लिए 'हेड काउंटिंग सिस्टम' और ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम की मदद ली जाएगी।

डिजिटल पवेलियन: श्रद्धालुओं को त्वरित जानकारी देने के लिए डिजिटल पवेलियन बनाए जाएंगे।

QR कोड से शिकायत और 24 घंटे नागरिक सुविधाएं

श्रद्धालुओं की सहूलियत के लिए इस बार QR कोड आधारित फीडबैक एवं शिकायत प्रणाली शुरू की जा रही है। किसी भी असुविधा की स्थिति में श्रद्धालु अपने मोबाइल से QR कोड स्कैन कर सीधे जिला प्रशासन तक अपनी शिकायत पहुंचा सकेंगे, जिस पर त्वरित कार्रवाई होगी।

इसके अलावा, अत्यधिक गर्मी और उमस से बचाव के लिए मिस्ट कूलिंग (धुंध शीतलन) व वॉटर स्प्रे सिस्टम की संख्या बढ़ाई जा रही है। पूरे मेला क्षेत्र में टेंट सिटी, पेयजल, 24 घंटे स्वास्थ्य सुविधाएं, मातृत्व विश्राम गृह और देवघर से बासुकीनाथ के बीच सुगम यातायात के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।