भोपाल:
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में राज्य के उच्च शिक्षा विभाग की विद्यार्थी-केंद्रित 'ई-प्रवेश' (e-Pravesh) प्रणाली ने सफलता का नया कीर्तिमान स्थापित किया है। चालू शैक्षणिक सत्र में प्रवेश का आंकड़ा एक नए ऐतिहासिक स्तर पर पहुंच गया है, जो राज्य में शिक्षा व्यवस्था के प्रति बढ़ते जन-विश्वास और डिजिटल सुविधाओं के विस्तार को दर्शाता है।
आंकड़ों में रिकॉर्ड तोड़ सफलता
विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष 24 जुलाई तक मध्य प्रदेश के शासकीय और अशासकीय महाविद्यालयों में कुल 4,89,169 विद्यार्थियों ने प्रवेश प्राप्त कर लिया है।
पिछले वर्षों की तुलना में उछाल: यह संख्या पिछले वर्ष (2025-26 के 4,15,655) की तुलना में 73,514 अधिक और वर्ष 2023-24 (3,21,154) की तुलना में 1,68,015 अधिक है।
पंजीयन और सत्यापन: इस सत्र में अब तक 7.18 लाख से अधिक छात्रों ने पंजीयन कराया, जिनमें से 6.31 लाख से अधिक का दस्तावेज सत्यापन पूरा हो चुका है।
पाठ्यक्रमवार प्रवेश: प्रवेश लेने वाले कुल छात्रों में 3,38,148 स्नातक (UG), 1,04,455 स्नातकोत्तर (PG) और 46,566 एनसीटीई (NCTE) पाठ्यक्रमों से जुड़े हैं।
डिजिटल व्यवस्था और 24×7 सहायता बनी गेम-चेंजर
प्रवेश प्रक्रिया में आई इस उल्लेखनीय तेजी का मुख्य कारण ई-प्रवेश पोर्टल और मोबाइल ऐप की सरलता है। विद्यार्थी घर बैठे ही रजिस्ट्रेशन, डॉक्यूमेंट अपलोडिंग, ऑनलाइन वेरिफिकेशन, कॉलेज चयन और फीस भुगतान जैसी पूरी प्रक्रिया पूरी कर पा रहे हैं।
विशेष सुविधाएं: प्रक्रिया को निर्बाध बनाने के लिए कॉलेजों में हेल्प सेंटर, 24×7 कॉल सेंटर और जिला-संभाग स्तर पर निगरानी की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा, कॉलेज लेवल काउंसिलिंग (CLC) के तहत विद्यार्थियों को 'उसी दिन रजिस्ट्रेशन, सत्यापन और एडमिशन' की सुविधा दी जा रही है।
'प्रवेश मेला' और सीएलसी राउंड से मिली गति
अतिरिक्त सीएलसी राउंड के दौरान विभाग ने प्रदेशभर के कॉलेजों में 'प्रवेश मेला अभियान' चलाया, जहां छात्रों को एक ही छत के नीचे सारी सुविधाएं दी गईं। जिन छात्रों की फीस लंबित थी, उनसे व्यक्तिगत संपर्क कर मार्गदर्शन प्रदान किया गया ताकि कोई भी योग्य छात्र पीछे न छूट जाए।
31 जुलाई तक प्रवेश सुनिश्चित करने की अपील
सीएलसी चरण की अंतिम तिथि 31 जुलाई तय की गई है। उच्च शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि अंतिम चरण तक सभी हेल्प सेंटर पूरी सक्रियता से कार्य करते रहें। विभाग ने अपील की है कि सभी पात्र विद्यार्थी समय सीमा समाप्त होने से पहले अपना प्रवेश सुनिश्चित करें, ताकि तकनीकी या जानकारी के अभाव में कोई भी उच्च शिक्षा से वंचित न रहे।





