यमुनानगर | हरियाणा के यमुनानगर जिले के छछरौली थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक ट्रक चालक ने एक साढ़े 13 साल की मासूम किशोरी को अपनी हवस का शिकार बनाया। आरोपित ड्राइवर किशोरी को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया और दो दिनों तक उसके साथ गलत काम करने के बाद उसे लावारिस हालत में करनाल बस स्टैंड पर छोड़कर फरार हो गया।
ढाबे पर आना-जाना बना अपराध का जरिया
पीड़ित किशोरी की माँ ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि उन्होंने घर के पास ही एक ढाबा खोला हुआ है, जहाँ अक्सर ट्रक चालक खाना खाने के लिए रुकते हैं। उत्तर प्रदेश के शामली जिले के गांव अंबेहटा का रहने वाला मजनू उर्फ शारिक भी अपने ट्रक के साथ अक्सर वहाँ आता था। इसी दौरान उसने किशोरी को अपने झांसे और प्रेम जाल में फंसा लिया।
घटनाक्रम: अपहरण से लेकर बरामदगी तक
25 मार्च: रात के समय आरोपित मजनू किशोरी को बहला-फुसलाकर साथ ले गया। परिजनों ने अपने स्तर पर तलाश की लेकिन कोई सुराग नहीं मिला।
27 मार्च: आरोपित ने किशोरी के साथ दुष्कर्म किया और फिर उसे करनाल बस स्टैंड पर छोड़कर भाग गया।
परिजनों की तत्परता: पीड़िता की माँ ने आरोपित के पिता शराफत का नंबर लेकर उसे फोन किया। फोन के बाद आरोपित का पिता करनाल बस स्टैंड पहुँचा और लड़की को वहाँ से ले जाकर करनाल के ही एक गाँव में उनके रिश्तेदारों के घर छोड़ आया।
पुलिस की कार्रवाई
रिश्तेदारों से सूचना मिलने के बाद परिजन किशोरी को वापस घर लेकर आए, जिसके बाद मंगलवार को छछरौली थाना पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने पीड़िता के बयान दर्ज कर लिए हैं और आरोपित ड्राइवर मजनू उर्फ शारिक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट (POCSO Act) और अपहरण सहित विभिन्न गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
नोट: कानूनी प्रावधानों के अनुसार, यौन अपराध से पीड़ित नाबालिग की पहचान उजागर नहीं की जा सकती।





