शिवपुरी।

'आत्मनिर्भर भारत' और 'मेक इन इंडिया' अभियान को एक नई और ऐतिहासिक गति देने के लिए आज केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया शिवपुरी में ₹2,500 करोड़ की लागत से बनने वाले 'अदानी डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग प्लांट' का शिलान्यास करेंगे। यह अत्याधुनिक प्लांट न केवल मध्य प्रदेश बल्कि पूरे देश के रक्षा विनिर्माण क्षेत्र के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा।

ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में उभरेगा मजबूत डिफेंस इकोसिस्टम

यह परियोजना शिवपुरी को देश के प्रमुख डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में स्थापित करने जा रही है। ग्वालियर में पहले से ही संचालित 'स्मॉल आर्म्स मैन्युफैक्चरिंग कॉम्प्लेक्स' के बाद, शिवपुरी का यह नया प्लांट पूरे ग्वालियर-चंबल क्षेत्र को रक्षा उत्पादन के एक शक्तिशाली गढ़ में बदल देगा। दोनों प्लांट मिलकर क्षेत्र में एक बेहद मजबूत और आधुनिक डिफेंस इकोसिस्टम का निर्माण करेंगे।

परियोजना के मुख्य आकर्षण और बड़े फायदे:

रोजगार की नई क्रांति: इस विशाल मेगा प्रोजेक्ट के शुरू होने से क्षेत्र के लगभग 5,000 युवाओं को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार के नए अवसर मिलेंगे, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को भारी मजबूती मिलेगी।

MSMEs को मिलेगा ग्लोबल प्लेटफॉर्म: स्थानीय सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (MSMEs) के लिए यह प्रोजेक्ट एक वरदान साबित होगा। उन्हें डिफेंस प्रोडक्शन की मुख्य सप्लाई चेन से जुड़ने का सुनहरा मौका मिलेगा। उल्लेखनीय है कि ग्वालियर के अदानी स्मॉल आर्म्स प्लांट से पहले ही 25 से अधिक स्थानीय MSMEs जुड़े हुए हैं; अब शिवपुरी प्रोजेक्ट इस नेटवर्क को एक नया विस्तार देगा।

मिशन 2029 (समयसीमा): यह महत्वाकांक्षी परियोजना अगले 3 वर्षों में पूरी तरह तैयार होकर अपना उत्पादन शुरू कर देगी।

स्वदेशी ताकत को मिलेगी नई धार

शिवपुरी में स्थापित होने वाला यह प्लांट भारत की डिफेंस प्रोडक्शन क्षमता को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाएगा। विदेशी निर्भरता को कम करते हुए, यह प्रोजेक्ट देश की रक्षा जरूरतों को शत-प्रतिशत स्वदेशी रूप से पूरा करने में एक युगांतरकारी भूमिका निभाने के लिए तैयार है।