दुर्ग (छत्तीसगढ़): छत्तीसगढ़ में जारी मूसलाधार बारिश के कारण दुर्ग जिला अस्पताल की मदर-चाइल्ड यूनिट में अजीबोगरीब स्थिति पैदा हो गई है। अस्पताल के दो मुख्य ऑपरेशन थिएटरों (OT) में भारी संख्या में पंख वाली चींटियों (उड़ने वाले कीटों) का झुंड घुसने से हड़कंप मच गया। मरीजों की सुरक्षा और संक्रमण के किसी भी खतरे को टालने के लिए अस्पताल प्रशासन ने पिछले 10 दिनों से दोनों ऑपरेशन थिएटरों को एहतियातन अस्थायी रूप से बंद कर दिया है।

मरीजों की सुरक्षा के लिए लिया गया फैसला

अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. आशीष मिंज ने बताया कि लगातार हो रही भारी बारिश और नमी के कारण ये पंख वाली चींटियां ऑपरेशन थिएटरों के अंदर तक पहुंच गईं।

उन्होंने स्पष्ट किया, "मरीजों की सुरक्षा और OT की स्टेरलाइजेशन (साफ-सफाई व रोगाणुमुक्ति) प्रक्रिया बनाए रखने के लिए दोनों ऑपरेशन थिएटरों को फिलहाल बंद किया गया है। स्वास्थ्य सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता।"

इमरजेंसी OT से हो रही सर्जरियां, नहीं रुका कोई काम

सिविल सर्जन ने आश्वस्त किया कि मुख्य OT बंद होने के बावजूद अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं और सर्जरी पर कोई विपरीत असर नहीं पड़ा है:

वैकल्पिक व्यवस्था: सभी जरूरी और आपातकालीन सर्जरियों को अस्पताल के इमरजेंसी ऑपरेशन थिएटर (Emergency OT) में स्थानांतरित कर संचालित किया जा रहा है।

नो-रेफरल नीति: इस समस्या की वजह से किसी भी मरीज को दूसरे अस्पताल में रेफर नहीं किया गया है, सभी इलाज और ऑपरेशन जिला अस्पताल में ही हो रहे हैं।

कीट-नियंत्रण और मरम्मत कार्य अंतिम चरण में

अधिकारियों के अनुसार, दोनों ऑपरेशन थिएटरों में कीट-नियंत्रण (Pest Control), गहन सफाई और आवश्यक मरम्मत का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। उम्मीद जताई जा रही है कि अगले दो से तीन दिनों में दोनों OT पूरी तरह से सेनेटाइज होकर फिर से चालू हो जाएंगे।

गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ के कई जिलों में हो रही भारी बारिश से निचले इलाकों में जलभराव, नदियों का जलस्तर बढ़ने और बाढ़ जैसे हालात पैदा होने के कारण ऐसे कीट-पतंगों का जमावड़ा सार्वजनिक इमारतों व अस्पतालों की ओर बढ़ रहा है।