लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल का आखिरी पूर्ण बजट विधानसभा में पेश कर दिया है। वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 9.12 लाख करोड़ रुपये का भारी-भरकम बजट प्रस्तुत किया। चुनावी वर्ष से ठीक पहले आए इस बजट का मुख्य केंद्र निवेश, रोजगार सृजन, बुनियादी ढांचा और महिला सशक्तिकरण है।
युवाओं को 'मिशन मोड' में रोजगार और कौशल
बजट में युवाओं को केवल डिग्री धारक बनाने के बजाय उन्हें बाजार की जरूरतों के हिसाब से कुशल (Skilled) बनाने पर जोर दिया गया है।
- डिजिटल एंटरप्रेन्योरशिप: युवाओं के लिए नई 'डिजिटल इन्टरप्रन्योरशिप योजना' शुरू की जाएगी।
- प्रशिक्षण क्षमता में वृद्धि: मौजूदा कौशल विकास केंद्रों की क्षमता बढ़ाई जाएगी और निजी क्षेत्र के साथ मिलकर नए केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
- ईज ऑफ डूइंग बिजनेस: जनविश्वास सिद्धांत के तहत उद्योगों के लिए रजिस्ट्रेशन और लाइसेंसिंग की प्रक्रिया को और अधिक सरल बनाया जाएगा।
आधी आबादी को बड़ी सौगात: महिलाओं के लिए अलग केंद्र
कार्यबल (Workforce) में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए सरकार ने विशेष कदम उठाए हैं।
- पीपीपी मोड में विभिन्न जनपदों में कौशल संवर्धन और जॉब प्लेसमेंट केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
- महिलाओं के लिए समर्पित अलग प्रशिक्षण केंद्र बनाए जाएंगे, ताकि उन्हें सुरक्षित और सुलभ वातावरण में स्वरोजगार के लिए तैयार किया जा सके।
इलेक्ट्रॉनिक्स और मैन्युफैक्चरिंग में 'सुपरपावर' बनता यूपी
बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने प्रदेश की औद्योगिक उपलब्धियों का भी जिक्र किया:
- मोबाइल विनिर्माण: देश के कुल मोबाइल उत्पादन का 65%हिस्सा अकेले उत्तर प्रदेश में बन रहा है।
- इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात: भारत की 55% इलेक्ट्रॉनिक्स कंपोनेंट इकाइयां यूपी में हैं और राज्य का इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात 44,744 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।
कृषि और निवेश के नए आयाम
- एग्री-एक्सपोर्ट हब: विश्व बैंक की सहायता से 'यूपी एग्रीज परियोजना' के तहत प्रदेश में एग्री-एक्सपोर्ट हब बनाए जाएंगे, जिससे किसानों के उत्पादों को वैश्विक बाजार मिलेगा।
- निवेश का रिकॉर्ड: अब तक 50 लाख करोड़ रुपये के एमओयू (MoU) साइन हो चुके हैं, जिससे 10 लाख नए रोजगार पैदा होने की उम्मीद है। अब तक 15 लाख करोड़ के निवेश धरातल पर उतर चुके हैं।
- रैंकिंग में सुधार: एसडीजी (SDG) इंडिया इंडेक्स में उत्तर प्रदेश 2018 में 29वें स्थान पर था, जो अब सुधरकर 18वें स्थान पर आ गया है।
बजट की मुख्य झलकियां (टेबल)
| क्षेत्र | प्रमुख घोषणाएं |
|---|---|
| कुल बजट आकार | ₹ 9.12 लाख करोड़ |
| औद्योगिक फोकस | मोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण हब |
| महिला सशक्तिकरण | विशेष महिला प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट केंद्र |
| कृषि | विश्व बैंक की मदद से एग्री-एक्सपोर्ट हब की स्थापना |
| रोजगार | डिजिटल एंटरप्रेन्योरशिप और मिशन मोड प्रशिक्षण |

Santu Das



