प्रतिनिधि,लोहरदगा। झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, रांची के निर्देशानुसार एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह डालसा अध्यक्ष श्री राजेंद्र बहादुर पाल के मार्गदर्शन में आज सिविल कोर्ट सभागार में लोहरदगा जिला विधिक सेवा प्राधिकार एवं झारखंड एड्स कंट्रोल सोसायटी के संयुक्त तत्वावधान में एड्स को लेकर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से एक दिवसीय प्रशिक्षण शिविर लगाया गया। इस अवसर पर डालसा के सचिव राजेश कुमार ने कहा कि आप सभी एड्स बिमारी के बारे में पुर्ण जानकारी प्राप्त कर लोगों को इससे बचने का उपाय बताएं ।





इस कार्यक्रम में कुल 15 पीएलवी को रांची से आए प्रशिक्षक विनय कुमार पासवान ने एड्स अधिनियम, 2017 के विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी। सभागार में उपस्थित पारा लीगल वालंटियर एवं प्राधिकार के स्टाफ को एड्स से होने वाले सारी समस्याओं का निदान, लक्षण एवं उपचार के बारे में बताया। उन्होंने बताया कि एड्स बीमारी चार प्रकार के व्यक्तियों को संक्रमित करती है। चार के अलावा अन्य कारण नहीं है। अतः समाज में रह रहे एड्स पीड़ितों के साथ भेदभाव ना किया जाए बल्कि उन्हें सामाजिक सहायता दी जाए। इस दौरान जागरुकता कार्यक्रम में उन्होंने एचआईवी ऐड्स प्रीभेंशन एंड कंट्रोल 2017 अधिनियम के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एड्स से संक्रमित व्यक्ति का निःशुल्क दवाइयां एवं सलाना निःशुल्क हेल्थ चेकअप हर जिले के सदर अस्पताल के द्वारा किया जाता है तथा एंटीरेटरो वायरस तीन थीरेपी दी जाती है।





डीएलएसए सचिव राजेश कुमार ने इस कार्यक्रम की सराहना करते हुए करते हुए उपस्थित पीएलवी को निर्देश दिया कि वे अपने संबंधित प्रखंड में जागरूकता अभियान चलाएं। भारत सरकार के संकल्प है कि वर्ष 2030 तक भारत को एड्स बीमारी से पूर्णतया मुक्त किया जाना है।