प्रतिनिधि, चाईबासा।देश के पूर्व उप प्रधानमंत्री भारतरत्न सरदार बल्लभ भाई पटेल की पुण्यतिथि गुरुवार को मनाई गई ।कांग्रेस भवन में कांग्रेसियों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर व्यक्तित्व और कृतित्व पर प्रकाश डाला।वक्ताओं ने कहा कि सरदार पटेल को भारतीय स्वतंत्रता संग्राम का महानायक एवं विलक्षण प्रतिभा का युग पुरुष थे एक साधारण किसान परिवार मे जन्मे अपने कष्टमय पारिवारिक परिवेश के रहते हुए भी कठिन परिश्रम से एक सफल विधिवेत्ता होने के बावजूद वकालत छोड़कर गुजरात के किसानों की दयनीय दशा के जिम्मेदार क्रूर अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ जुझारु लड़ाई लड़कर अंग्रेजो की चूलें ही हिला दी थी।





पटेल ने किसानों के हक की लड़ाई की सफलता के कारण बारदौली का बहादुर सरदार की उपाधि से ख्यातिमान होकर देश के सिरमौर नेता बनकर भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस मे शामिल हुए और महात्मा गांधी के किसान व असहयोग आन्दोलन मे अपनी जुझारु और कुसाग्र व्यक्तित्व से कठिन जेल यातनाओं से तपकर न केवल एक करिश्माई योद्धा बनकर अंग्रेजी हुकूमत की किरकिरी भी बन गए थे। देश को मिली आजादी के बाद अंग्रेज भक्त 565 देशी घरानों को देश के नवसृजित गणराज्य की मुख्या धारा मे समाहित कराने का कठिन व गुरुतरु कार्य के लिए सरदार पटेल की श्रेष्ठतम सूझ-बूझ व राजनैतिक पटुता से देश की एकता व अखंडता के लिए बेमिशाल उपलब्धि के लिए देश सदैव उन्हे याद रखेगा।





मौके पर कांग्रेस के चंद्रशेखर दास , त्रिशानु राय , जितेन्द्रनाथ ओझा , दिकु सवैयां , रंजीत यादव , शंकर बिरुली, राकेश कुमार सिंह,सनातन सवैयां , जादोराय मुंडरी,मुकेश कुमार, विजय सिंह तुबिद, चंदन सिंह, सनातन बिरुवा, सिंगराय गोप, बिघ्ना राज दास, सामु दास सहित अन्य उपस्थित थे।