दुबई/भोपाल। मध्य प्रदेश में स्कूली शिक्षा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। दुबई में आयोजित ‘एआईएम कांग्रेस-2026’ (Annual Investment Meeting) के अपने दौरे के तीसरे दिन मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 'जेम्स एजुकेशन' (GEMS Education) कंपनी के चेयरमैन और संस्थापक सनी वर्की से उच्चस्तरीय मुलाकात की। इस दौरान कंपनी ने प्रदेश के प्रमुख शहरों, विशेष रूप से इंदौर और भोपाल में अंतरराष्ट्रीय मानकों वाले K-12 स्कूल कैंपस स्थापित करने में गहरी रुचि जताई है।
शिक्षा नीति और सांदीपनि स्कूलों पर चर्चा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य प्रदेश की नई शिक्षा नीति के सफल क्रियान्वयन, राज्य में हो रहे शैक्षणिक नवाचारों और सांदीपनि स्कूलों के मॉडल के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि नई नीतियों के चलते प्रदेश के विद्यार्थियों का रुझान सरकारी और गुणवत्तापूर्ण स्कूलों की ओर तेजी से बढ़ा है। सीएम ने वर्की को राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं से अवगत कराते हुए आगामी 'ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS)-2027' में शामिल होने का आधिकारिक निमंत्रण भी दिया।
क्या है जेम्स एजुकेशन का रोडमैप? वैश्विक स्तर पर एडटेक और एजुकेशन मैनेजमेंट के क्षेत्र में अग्रणी जेम्स एजुकेशन का नेटवर्क मिडिल ईस्ट, एशिया, यूरोप और नॉर्थ अमेरिका में फैला हुआ है। मध्य प्रदेश में कंपनी निम्नलिखित क्षेत्रों में काम करेगी:
- फ्यूचर-रेडी प्रोग्राम्स: तकनीक-सक्षम (Technology-enabled) क्लासरूम्स के साथ STEM, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), कोडिंग और एंटरप्रेन्योरशिप की ट्रेनिंग।
- स्किल बेस्ड लर्निंग: नेशनल और इंटरनेशनल करिकुलम के तहत छात्रों के कौशल विकास (Skill Development) पर विशेष जोर।
- टीचर ट्रेनिंग: संस्थागत गुणवत्ता को बेहतर बनाने के लिए शिक्षकों के प्रशिक्षण और स्कूल लीडरशिप डेवलपमेंट प्रोग्राम्स।
दुबई से संचालित होता है वैश्विक नेटवर्क साल 2000 में स्थापित और दुबई मुख्यालय वाली जेम्स एजुकेशन दुनिया के सबसे बड़े निजी K-12 एजुकेशन प्रोवाइडर्स में से एक है। चेयरमैन सनी वर्की ने सीएम को भरोसा दिलाया कि उनकी कंपनी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, शिक्षक विकास और आधुनिक शैक्षणिक नवाचारों के साथ मध्य प्रदेश के बच्चों को भविष्य की वैश्विक चुनौतियों के लिए तैयार करने में सहयोग करेगी।





