गोरखपुर। उत्तर प्रदेश 2022 विधानसभा चुनाव को लेकर जहां सारी पार्टियां कमर कसकर चुनाव की तैयारी में जुटी हैं,तो वहीं चुनाव में पुलिस भी किसी तरह की कोई चूक नहीं करना चाहती है।चुनाव को शांतिपूर्ण और सही-सलामत सम्पन्न कराने के लिए पहली बार अंतर्राष्ट्रीय और अंतर्राज्यीय सीमाओं पर पड़ने वाले बैरियरों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। शासन की पहल पर गोरखपुर जोन की पुलिस ने जोन में 143 सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाने के लिए जगहों को चिह्नित कर अपनी रिपोर्ट तैयार को भेज दी है।

पुलिस महानिदेशक कार्यालय से रिपोर्ट मांगी गई थी कि अंतर्राष्ट्रीय या अंतरराज्यीय सीमाओं के नाकों और बैरियरों में से कहां-कहां नितांत जरूरी है,जहां पर सुरक्षा के लिहाज से सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएं।अपर पुलिस महानिदेशक गोरखपुर जोन अखिल कुमार के निर्देश पर अंतर्राष्ट्रीय और अंतर्राज्यीय सीमाओं से जुड़े जिलों के पुलिस अधिकारियों ने अपनी-अपनी रिपोर्ट तैयार कराई है।जोन की पुलिस ने जहां-जहां पर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाने की जरूरत है उन जगहों को चिह्नित कर रिपोर्ट में शामिल किया है। रिपोर्ट में जोन में 143 सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाने के लिए बात बताई गई है।

देवरिया और कुशीनगर जिले की सीमाएं बिहार की सीमा से सटी हैं। इन दोनों जिलों की अंतर्राज्यीय सीमाओं पर 44 बैरियर बनाए जाते हैं। इनमें 20 बैरियर देवरिया जिले में और 24 कुशीनगर में बनाए जाते हैं।
देवरिया में 20 और कुशीनगर में 24 जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।

आपको बता दें कि गोरखपुर जोन के जिलों की सीमाएं बिहार और नेपाल की सीमाओं से सटी हैं। लोकसभा और विधानसभा चुनाव हो या त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव गोरखपुर जोन की पुलिस पूरी तरह चौकन्नी रहकर सतर्कता बरतती है। अंतर्राष्ट्रीय और अंतर्राज्यीय सीमाओं से सटे नाकों और मार्गों पर बैरियर लगाकर पुलिस पिकेट तैनात की जाती है। पुलिस चुनाव को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से सही-सलामत सम्पन्न कराने के लिए बाहरी लोगों का प्रवेश पर लगा देती है और आने-जाने वालों की सघन तलाशी भी लेती है। इस बार शासन के निर्देश पर इस बार गोरखपुर जोन की पुलिस ने सतर्कता और बढ़ा दी है।

पुलिस सूत्रों का कहना है कि जोन की पुलिस ने जिन-जिन जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने की रिपोर्ट भेजी है उन जगहों का कारण भी गिनाए हैं।इनमें अपराधियों के आने-जाने की सुगमता, तस्करी एवं आपराधिक छवि के लोगों के जोन की सीमा में घुसकर चुनाव को प्रभावित करने की आशंका जताई गई है। विधानसभा चुनाव के दौरान इस बार अंतर्राष्ट्रीय एवं अंतर्राज्यीय सीमाओं पर पुलिस की पिकेटें भी बढ़ाई जाएगी। इसके लिए संबंधित जिलों के पुलिस अधिकारियों द्वारा रिपोर्ट तैयार कराई जा रही है। जहां जितने सुरक्षाकर्मियों की आवश्यकता होगी वहां उतनी तैनाती की जाएगी।