गिरिडीह।झारखंड के गिरिडीह केंद्रीय कारागार के जेलर प्रमोद कुमार पर बदमाशों ने तीन गोलियां चलाई, लेकिन जेलर बाल-बाल बच गए।घटना मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के डांडीडीह में बुधवार दोपहर उस समय हुई जब जेलर जेल अधीक्षक के सरकारी वाहन से जेल से कोर्ट जा रहे थे।सूचना मिलते ही सदर एसडीपीओ अनिल कुमार सिंह पुलिस बल के साथ घटनास्तल पर पहुंचे और छानबीन की। इस दौरान जेलर प्रमोद कुमार ने बताया कि एक बाइक पर सवार होकर अपराधी आये और उनके वाहन पर फायरिंग की। गोली वाहन के हिस्से में शीशे के नीचे लगी।
घटना के बाद पुलिस ने मंगरोडीह मोड़ पर स्थित बैंक ऑफ इंडिया और पंजाब नेशनल बैंक में लगे सीसीटीवी कैमरे के खंगाला। डांडीडीह पवार हाऊस से लेकर मोहनपुर जेल तक जहां-जहां भी सीसीटीवी है उसके फुटेज खंगाले गए। इस छानबीन के दौरान यह बात सामने आयी कि अपराधी संभवत: बाइक पर थे और मुंह भी ढंका हुआ था। यह भी कहा जा रहा है कि अपराधी जेल के पास से ही निकले और वाहन पर फायरिंग करने के बाद मोंगिया मोड़ के रास्ते भाग निकले।
एसपी अमित रेणु ने घटना को गंभीरता से लेते हुए घटनास्थल का निरीक्षण किया। एसपी ने एसडीपीओ और मुफ्फसिल थाना प्रभारी को आवश्यक निर्देश देते हुए कहा कि हर हाल में अपराधियों को पकड़ना जरूरी है।एसडीपीओ गिरिडीह अनिल कुमार सिंह ने कहा कि घटना की जांच चल रही है। इसमें किसका हाथ है अभी कहना मुश्किल है।
घटना में गिरिडीह केंद्रीय कारागार में बंद गैंगस्टर अमन साहू के हाथ होने की आशंका जतायी जा रही है।पुलिस कुछ भी कहने से बच रही है।कुछ दिन पहले ही वासेपुर का माफिया प्रिंस खान ने गिरिडीह के प्रभारी जेल अधीक्षक को फोन कर अमन साहू को जेल में सुविधाएं मुहैया कराने की चेतावनी दी थी। कहा था कि यदि अमन को फोन व अन्य सुविधाएं नहीं दी गईं तो अंजमा बुरा होगा।





