रांची।राजनेताओं और ब्यूरोक्रेट्स के करीबी और सत्ता के केंद्र के इर्द-गिर्द रहने वाले प्रेम प्रकाश की मुश्किलें अब बढ़ती जा रही हैं। गुरुवार को झारखंड के चर्चित कारोबारी प्रेम प्रकाश को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी)ने गिरफ्तार कर लिया है।ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग और अवैध खनन से जुड़े मामले में गिरफ्तार प्रेम प्रकाश को गुरुवार दोपहर बाद रांची स्थित स्पेशल कोर्ट में पेश किया। ईडी के विशेष न्यायाधीश प्रभात कुमार शर्मा की अदालत ने प्रेम प्रकाश को 14 दिनों के लिए रिमांड पर मांगा, लेकिन अदालत ने सर्फि 6 दिनों की रिमांड की मंजूरी दी।



ईडी की स्पेशल कोर्ट के आदेश के बाद प्रेम प्रकाश को गुरुवार को न्यायिक हिरासत में बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार भेज दिया गया। शुक्रवार को ईडी के अधिकारी उसे जेल से रांची स्थित क्षेत्रीय कार्यालय लाकर 31 अगस्त तक पूछताछ करेंगे और पूछताछ खत्म हो जाने के बाद प्रेम प्रकाश को अदालत में पेश किया जाएगा।ईडी ने गुरुवार सुबह से प्रेम प्रकाश के 17 ठिकानों पर छापेमारी की थी और गुरुवार तड़के तीन बजे उसे गिरफ्तार कर लिया।



आपको बता दें कि प्रेम प्रकाश के ठिकानों पर बुधवार को ईडी की टीम ने छापेमारी की थी।छापेमारी में दो एके-47 राइफल बरामद हुई थी जो कि पुलिस की थी।कई अहम दस्तावेज भी प्रेम प्रकाश के ठिकानों से मिले हैं। बहरहाल पुलिस के Ak- 47 हथियार दो आरक्षियों को इशू किए गये थे।जिसे आरक्षियों के द्वारा प्रेम प्रकाश के हरमू स्थित कार्यालय में रखा गया था। जिसे ईडी के द्वारा बरामद किया गया।वहीं पूरे मामले में सिपाहियों की लापरवाही की बात सामने आने के बाद उन सिपाहियों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित कर दिया गया है और अग्रतर कार्रवाई की जा रही है।



अवैध खनन और मनरेगा घोटाले में मई महीने में निलंबित आईएएस पूजा सिंघल के विभन्नि ठिकानों पर हुई छापेमारी के बाद प्रेम प्रकाश का नाम सामने आया था। 25 मई को ईडी ने प्रेम प्रकाश को के ठिकानों पर छापेमारी की थी और उससे पूछताछ की थी।उस दौरान कुछ दिनों तक प्रेम प्रकाश से लगातार पूछताछ की थी। जिसके बाद मामले में पंकज मिश्रा और उनके करीबियों को सम्मन भेजा था और बाद में पंकज मिश्रा की गिरफ्तारी की गई थी।वहीं अब तक इस मामले में कुल 4 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।जिसमें आईएएस पूजा सिंघल, सीए सुमन कुमार, पंकज मिश्रा और अब इस फेहरिस्त में प्रेम प्रकाश का नाम भी शामिल हो गया है।

मनरेगा घोटाले से शुरू हुआ यह खेल अवैध माइनिंग और भ्रष्टाचार तक पहुंच चुका है।जिसका दायरा पहले से काफी ज्यादा बढ़ा है।मामले में कई अहम खुलासे और जानकारियां आने वाले दिनों में मिलने की संभावना है।