धनबाद।झारखंड के धनबाद में पिछले 37 सालों में कभी इतनी कम बारिश नहीं हुई।जुलाई माह में हुई कम बारिश ने पिछले सारा रिकॉर्ड तोड़ दिया हैं। 1985 से लेकर अब तक धनबाद में कभी इतनी कम बारिश नहीं हुई। इससे पहले सबसे कम बारिश 2010 में 167 मिलीमीटर हुई थी। उसके बाद कम बारिश का रिकार्ड इस बार जुलाई में बना। धनबाद में बारिश न होने से सुखाड़ की हालत हो गई है।खेतों में रोपनी न के बराबर हो रही है।
बारिश न होने से केवल खेती ही नहीं बल्कि मछली पालन और पौधरोपण जैसी योजनाओं पर भी प्रभाव पड़ रहा हैं।पिछले साल कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए लागू हुए लॉकडाउन के समय 356 मिलीमीटर बारिश हुई थी,मगर इस बार सामान्य से लगभग 50 फीसदी कम बारिश हुई है।जिला कृषि विभाग के पास 1985 तक का आंकड़ा मौजूद है। उसके अनुसार इतनी कम बारिश कभी जुलाई के महीने में नहीं हुई है। राज्य सरकार भी झारखंड के कई जिलों को सूखाग्रस्त घोषित करने की तैयारी कर रही है।
डैम में सूखा पानी,जलापूर्ति पर अगले साल आफत
आपको बता दें कि लगातार कम हो बारिश के कारण मैथन-तोपचांची का जलस्तर लगातार नीचे जा रहा है। कम बारिश को देखते हुए मैथन ने बंगाल को पानी देना बंद कर दिया है। बारिश अगर नहीं हुई तो अगले साल मार्च से ही शहर में जलसंकट की हालत हो सकती है।
पिछले 20 सालों में कम बारिश वाला जुलाई
वर्ष जुलाई में बारिश
2010 167 मिलीमीटर
2011 178.6 मिलीमीटर
2013 167.3 मिलीमीटर
2010 240.2 मिलीमीटर
1993 177.1 मिलीमीटर
20 सालों में सर्वाधिक बारिश वाला जुलाई
साल जुलाई में बारिश
2007 634.7 मिलीमीटर
1999 589 मिलीमीटर
2006 418 मिलीमीटर
1990 429 मिलीमीटर
1997 505 मिलीमीटर





