रांची।आदिवासी नौकरानी सुनीता खाखा के साथ मारपीट के मामले में गिरफ्तार पूर्व आईएएस की पत्नी और निलंबित भाजपा नेत्री सीमा पात्रा को अरगोड़ा पुलिस ने बुधवार को जेल भेज दिया है। इससे पूर्व आरोपी सीमा को एससी-एसटी एक्ट मामले के विशेष न्यायाधीश मनीष रंजन की अदालत में पेश किया गया।जहां से सीमा को न्यायिक हिरासत में लेते हुए 12 सितंबर तक के लिए जेल भेज दिया गया है।
जेल भेजने से पहले पुलिस ने थाने में आरोपी सीमा से पूछताछ की।पूछताछ के दौरान सीमा ने अपनी नौकरानी के साथ मारपीट और प्रताड़ना की बात से साफ इंकार कर दिया। उसने कहा कि काम करने के दौरान उससे चोट लग गई थी। उससे मारपीट नहीं की गई है। तब पुलिस ने उससे पूछा कि जब उसे चोट लगी तो वह सुनीता का इलाज कराने के लिए डॉक्टर के पास क्यों नहीं ले गयी। इस सवाल पर सीमा ने चुप्पी साध ली।पुलिस ने सीमा से घटना के बाद फरार होने की बात पूछी तब भी उसने कुछ भी कहने से इंकार कर दिया। पूछताछ के दौरान सीमा ने पुलिस के एक भी सवाल का जवाब नहीं दिया।
आपको बता दें कि आरोपी सीमा को पुलिस ने बुधवार अहले सुबह उसके घर से गिरफ्तार किया है।अब अगली पेशी 12 सिंतबर को होगी। एससी-एसटी एक्ट लगे रहने के कारण विशेष अदालत में सीमा को पेश किया गया था। अदालत में पेश करने से पूर्व सीमा की सदर अस्पताल में मेडिकल जांच कराई गई थी।
नौकरानी सुनीता के अनुसार सीमा पात्रा ने उन्हें कई दिनों तक घर में बंधक बनाए रखा। इस दौरान उसे खाना भी नहीं दिया जाता था, जबकि लोहे की रॉड से मारकर उसके दांत तोड़ दिए गए। गर्म तवे से उसके शरीर के कई हिस्सों को दाग दिया। मामले की जानकारी जब पुलिस को मिली तब 22 अगस्त की रात सीमा पात्रा के अशोक नगर घर से सुनीता को मुक्त करवाया गया, जिसके बाद इलाज के लिए सुनीता को रिम्स में भर्ती कराया गया। अरगोड़ा थाने में सुनीता के बयान पर रिपोर्ट दर्ज की गई है।
कुछ दिन पहले जब नौकरानी सुनीता ने सीमा से उसे इलाज कराने की बात कही तो उसने झल्लाकर बुरी तरह से सुनीता की पिटाई की थी। यह कहा कि दोबारा बोली तो जान से मार देंगे। सुनीता ने पुलिस को बताया कि कोरोनाकाल में उसकी तबीयत खराब हो गयी थी। 20 दिन तक वह बिस्तर में पड़ी थी। उसकी हालत इतनी खराब थी कि बिस्तर में ही पेशाब हो गया था। इसकी जानकारी मिलने के बाद सीमा ने उसे बुरी तरह से पीटा। पेशाब को इसी से साफ करवाया था। इधर, पुलिस को सीमा के खिलाफ कई प्रमाण और साक्ष्य भी मिले हैं।





