कालीचरण
जमशेदपुर।इन दिनों शहर के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में पुलिस के नाम पर सीधे-साधे लोगों को ठगने का काम किया जा रहा है। राह चलते लोगों को कहीं सिंगल व्यक्ति द्वारा ठगा जा रहा है तो कहीं गिरोह बनाकर घटना को अंजाम दिया जा रहा है। ऐसे ही दो मामले प्रकाश में आए हैं।
पहला मामला
बिस्टुपुर थाना अंतर्गत गुजराती सनातन समाज के पास बीते दिनों मनीभाई नामक व्यक्ति से खुद को पुलिस बताकर ठगी की घटना को अंजाम दिया गया है। वे किसी काम से स्कूटी लेकर साकची जा रहे थे। इसी दौरान सादे लिबास पहने एक व्यक्ति ने उन्हें रोका और खुद को पुलिस बताकर उनसे गाड़ी के कागजात की मांग की। इस दौरान उन्होंने हेलमेट भी पहन रखा था। बावजूद इसके ठग ने उनसे अन्य कागजातों के नाम पर 240 रुपए की ठगी कर ली। और तो और पुनः उसी ठग ने उन्हें बिस्टुपुर कमानी सेंटर के पास भी रोक लिया। जिसपर उन्होंने कहा कि अभी तो आपने मुझे गुजराती सनातन समाज के पास कागजात जांच के लिए रोका था। जिसके बाद ठग ने उन्हें संभल कर जाने को कहा। मनीभाई ने बताया कि ठग की उम्र लगभग 40 से 45 वर्ष के बीच थी।
दूसरा मामला
गोलमुरी थाना अंतर्गत आरडी टाटा गोल चक्कर के पास रविवार की दोपहर कदमा में चाय की दुकान चलाने वाले सदानंद बाइक लेकर अपने भाई को स्टेशन लेने के लिए जा रहे थे। इसी बीच उन्हें एक व्यक्ति ने ठीक गोल चक्कर पार करने के बाद हाथ देकर रोका। वहीं गोल चक्कर पर मौजूद तीन पुलिसकर्मी को देखकर व्यक्ति ने उन्हें गाढ़ाबासा वाशिंग सेंटर के पास साइड में चलने को कहा। वहां जाने पर व्यक्ति के और 5 साथी आ गए। जहां सभी ने मिलकर उन्हें जबरन पास ही में मौजूद जेंट्स ब्यूटी पार्लर में गलत काम करने की बात कहते हुए 10 हजार रुपए की मांग की और नहीं देने पर साकची थाने चलने को कहा। इस दौरान व्यक्ति खुद को पुलिस बताकर एसपी के आदेश पर जांच करने की बात भी कही। पैसों की मांग करने पर चाय दुकानदार ने उन्हें अपने साथी को फोन कर पैसे लाने की बात कही।
इस दौरान ठग उनसे मोबाइल और बाइक की चाबी भी जबरन मांग रहे थे। मगर उन्होंने देने से इंकार कर दिया। साथ ही ठगों ने उनसे पूछा कि आपका साथी कहां से पैसे लेकर आ रहा है। जिसपर सदानंद ने कदमा से आने की बात कही तो ठगों ने कीनन स्टेडियम मोदी पार्क के पास पैसे देने की बात कहते हुए उसे साथ लेकर वहां पहुंचे। इस बीच एक ठग उसके गाड़ी के पीछे भी बैठ गया था। वहीं कीनन स्टेडियम के पास जब चाय विक्रेता के पहचान वाले दो साथी आए तो ठगों ने खुद को घिरता देख वहां से फरार होने में ही अपनी भलाई समझी। ठगों की उम्र 20 से 25 वर्ष के बीच थी। वे दो पैशन प्रो बाइक और एक ब्लू रंग की स्कूटी से आए थे। इस तरह चाय दुकानदार ठगने से बच गया।
क्या कहा एसएसपी ने
इस पूरे मामले में जिले के एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि जिनके साथ घटना घटी है उन्हें थाने में जाकर शिकायत करनी चाहिए। साथ ही जनता को ऐसे ठगों से सतर्क रहने की भी जरूरत है।





