देवरिया।तमिलनाडु के नीलगिरि जिले में हेलिकॉप्‍टर दुर्घटना में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल बिपिन रावत के साथ घायल हुए ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह का भी निधन हो गया है। इंडियन एयर फोर्स के ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह अकेले सदस्य थे,जो इस घटना के बाद जीवित मिले थे। वरूण को बचाने के लिए डाॅक्टरों ने तमाम प्रयास किए, लेकिन उनकी तमाम कोशिशें व्यर्थ हो गई।बुधवार को वरुण सिंह ने दम तोड़ दिया‌ और इसी परिवार की उम्‍मीदों पर भी पानी फिर गया।

आठ दिसम्‍बर को हेलिकॉप्‍टर दुर्घटना में ग्रुप कैप्‍टन वरूण सिंह के घायल होने की खबर आने के दिन से ही पूरे क्षेत्र के लोग उनकी जिंदगी की दुआए मांग रहा था।सैन्‍य परिवार से नाता रखने वाले ग्रुप कैप्‍टन वरूण पर पूरे गांव को नाज था। गांव में लोग अनुष्ठान कर रहे थे।दुर्घटना के अगले दिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का सांत्वना संदेश लेकर जिलाधिकारी आशुतोष निरंजन और पुलिस अधीक्षक डॉ. श्रीपति मिश्र भी उनके घर पहुंचे थे।आज बुधवार वरूण के निधन पर प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी, मुख्‍यमंत्री योगी आदित्‍यनाथ सहित तमाम बड़े लोगों ने शोक व्‍यक्‍त किया है। सीएम योगी ने इस घड़ी में परिवार के साथ संवेदना जताई है और कहा है कि प्रदेश सरकार परिवार के साथ खड़ी है।

जिले के रुद्रपुर कोतवाली क्षेत्रांतर्गत कन्हौली गांव के रहने वाले वरुण सिंह के वर्षीय पिता केपी सिंह सेवानिवृत कर्नल हैं। वरूण की तैनाती तमिलनाडु के वेलिंग्टन में थी। वरूण के साथ पत्नी गीतांजलि और एक बेटा व बेटी भी रहते थे। हादसे के बाद गांव में रहने वाले परिवार के अन्‍य लोग भी सेना के अस्‍पताल में उनकी देखरेख के लिए चले गए थे। वरूण सिंह के निधन की खबर पहुंचने के बाद गांव से लेकर पूरे इलाके में सन्नटा पसर गया है।