प्रतिनिधि,बगोदर। बगोदर प्रखंड सह अंचल मुख्यालय परिसर के बाहर पिछले 42 दिनों से सहिया संघ की ओर से धरना प्रदर्शन जारी है। बताया जाता है कि अपनी 2 सूत्री मांगों को लेकर 76 सहियाओं ने लंबे समय से धरना जारी कर रखा है, लेकिन कुछ दिन पहले40 सहियाओं की मांग पूरी हो गई। बाकी बचे सहियाओं का धरना जारी रहा है।
आंदोलनरत सहियाओं ने कहा कि वे सभी कोविड काल के दौरान काम लिया गया। इसके बावजूद उन लोगों को मानदेय भुगतान नहीं किया गया और ना ही कोड दिए गए । इधर धरना पर बैठी हसीदा खातून ने कहा कि अधिकारियों के द्वारा उन लोगों के आंदोलन को तोड़ने का काम किया गया, क्योंकि आधे सहियाओ को कोड दिया गया,जबकि आधे को छोड दिया गया ।ऐसी स्थिति में उन्होंने कहा कि जिस भी अधिकारी ने उनलोगों से काम लिया है।वैसे अधिकारी को चिन्हित कर उस पर मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाए और उनके द्वारा जारी धरना समाप्त किया जाए।
धरना स्थल पर बगोदर बचाओ संघर्ष समिति के विश्वनाथ साव ने कहा कोविड-19 के दौरान लोग घर से निकलना पसंद नहीं करते थे, वैसे कठिन परिस्थिति में बहनों ने घर-घर जाकर काम किया है, लेकिन ऐसी स्थिति में उन्हे मानदेय तक भुगतान नहीं होना दुर्भाग्य है,हाल ही में दिनों में मौसम का मिजाज बदला है और आंधी तूफान बूंदा बांदी बारिश के बाबजूद भी तिरपाल का सहारा लेकर धरना जारी है।
सहियाओं ने कहा कि आंधी तूफान के दिन रात भर सभी सहियाओ ने खडी रहकर रात बिताई है।अब मामले को लेकर बगोदर बचाओ संघर्ष समिति अन्दोलन को लेकर नयी रूप रेखा तैयार करेगी।धरना स्थल में गुड़िया कुमारी,रीता कुमारी, रूबी देवी, देवन्ति कुमारी, रीना देवी, बबीता कुमारी ,अपसाना प्रवीण, पार्वती देवी,शांति कुमारी,आरती कुमारी सहित कई सहिया मौजूद थीं।





