रांची।झारखंड पुलिस का सबसे मुख्य फोकस 2021 में नक्सलियों और उग्रवादियों पर रहा।यही वजह रही कि पुलिस को नक्सल फ्रंट पर बड़ी सफलता मिली। माओवादी पोलित ब्यूरो सदस्य और थिंक टैंक के नाम से चर्चित एक करोड़ का इनामी प्रशांत बोस सहित 29 नक्सली और उग्रवादियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। इनमें मुख्य एक माओवादी पोलित ब्यूरो सदस्य, एक सेंट्रल कमेटी सदस्य, एक सैक मेंबर, एक रीजनल कमांडर, सात सब जोनल कमांडर और 18 एरिया कमांडर शामिल हैं।

टीएसपीसी का रीजनल कमांडर और 15 लाख का इनामी मुकेश गंझू उर्फ मुनेश्वर गंझू और माओवादी जोनल कमांडर और 10 लाख के इनामी जीवन कंडुलना सहित 10 नक्सलियों और उग्रवादियों ने सरेंडर किया। 15 लाख का इनामी माओवादी जोनल कमांडर बुद्धेश्वर उरांव और दस लाख का इनामी पीएलएफआइ जोनल कमांडर शनिचर सुरीन सहित कुल छह नक्सली और उग्रवादियों को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया।

2019 में कुल 107 नक्सली वारदातें हुईं,जबकि 2020 में 92 और 2021 में 95 हुई।झारखंड राज्य बनने से लेकर अब तक कुल 424 नक्सली और उग्रवादियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। नक्सलियों और उग्रवादियों की संपत्ति जब्त करने का अभियान भी पुलिस ने तेज किया है,कुल 28 नक्सली और उग्रवादियों की संपत्ति जब्त की गयी है। वहीं बड़े नक्सली घटनाओं से जुड़े 17 मामलों को झारखंड पुलिस ने नेशनल इंवेस्टिगेशन एजेंसी (एनआइए) को सौंपे हैं।

पकड़े गये ये नक्सली

माओवादी पोलित ब्यूरो सदस्य और एक करोड़ का इनामी प्रशांत बोस,माओवादी केंद्रीय कमेटी सदस्य शीला मरांडी,माओवादी सैक सदस्य, 25 लाख का इनामी प्रद्युमन शर्मा,माओवादी आरसीएम, 25 लाख का इनामी रमेश गंझू उर्फ आजाद,माओवादी सब जोनल कमांडर पांच लाख का इनामी किशोर सिंह उर्फ विमल सिंह, माओवादी सब जोनल कमांडर उदय उरांव, टीएसपीसी सब जोनल कमांडर नरेश गंझू,टीएसपीसी सब जोनल कमांडर किशुन गंझू,टीएसपीसी सब जोनल कमांडर नेपाली,टीएसपीसी सब जोनल कमांडर विनय कुमार सिंह।ये पकड़े गए।

इन नक्सलियों ने किया सरेंडर

टीएसपीसी आरसीएम‌ 15 लाख का इनामी मुकेश गंझू उर्फ मुनेश्वर गंझू,माओवादी जोनल कमांडर 10 लाख का इनामी जीवन कंडुलना,टीएसीसी जोनल कमांडर 10 लाख का इनामी रघुवंश गंझू,टीएसीसी जोनल कमांडर 10 लाख का इनामी पाथर उर्फ लक्ष्मण गंझू,टीएसीसी सब जोनल कमांडर‌ 5 लाख का इनामी नागेश्वर गंझू,माओवादी सब जोनल कमांडर 5 लाख का इनामी नुनूचंद महतो,माओवादी सब जोनल कमांडर विष्णु दयाल नागेशिया, पीएलएफआइ एरिया कमांडर संजय गोप उर्फ संजय टाइगर,माओवादी एरिया कमांडर बैलून सरदार।

जानें 2021 के चर्चित मामले

28 सितंबर 2021 को लातेहार जिले के नारायणपुर- सलैया जगड़ा पहाड़ के पास उग्रवादी संगठन जेजेएमपी के साथ मुठभेड़ में बीएसएफ के डिप्टी कमांडेंट राजेश कुमार शहीद हो गये।शहीद होने से पहले राजेश कुमार ने एक उग्रवादी को मार गिराया था।

15 जुलाई 2021 को गुमला जिले के कुरूमगढ़ थाना क्षेत्र में पुलिस ने कोबरा बटालियन और सीआरपीएफ के अभियान में भाकपा माओवादी नक्सली संगठन के कोयल शंख जोन का सचिव बुद्धिश्वर उरांव मारा गया। उसपर 15 लाख रुपये का इनाम था। पुलिस ने भारी मात्रा में हथियार बरामद किया था।

16 जुलाई 2021 को चाईबासा जिले के गुदड़ी थाना क्षेत्र में पुलिस और पीएलएफआई के उग्रवादियों के बीच मुठभेड़ हुई। इस दौरान पुलिस ने 10 लाख का इनामी पीएलएफआई के जोनल कमांडर शनिचार सुरीन को मार गिराया।

16 नवंबर 2021 को झारखंड पुलिस की एटीएस ने उग्रवादियों और अपराधियों को हथियार और गोली सप्लाई करने में सीआरपीएफ जवान सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया। 25 नवंबर को बीएसएफ के जवान सहित चार लोग गिरफ्तार किये गये।

जानें कौन नक्सली मुठभेड़ में मारे गये

माओवादी आरसीएम का 15 लाख का इनामी बुद्धेश्वर उरांव,पीएलएफआई जोनल कमांडर 10 लाख का इनामी शनिचर सुरीन, जेजेएमपी एरिया कमांडर महेश भुइया,विनोद भुइया उर्फ कुंदन जेजेएमपी,पीएलएफआई एरिया कमांडर दो लाख का इनामी मंगरा लुगून।

यूएपी एक्ट के तहत 28 नक्सलियों और उग्रवादियों की चल और अचल संपत्ति जब्त की गयी है। इनमें 14 माओवादी, 10 टीएसपीसी और चार पीएलएफआई उग्रवादियों की संपत्ति शामिल है। इनमें सक्रिय सदस्यों से लेकर रीजनल कमेटी के सदस्य शामिल हैं।