प्रतिनिधि,जगन्नाथपुर।एम्बुलेंस के अभाव में जगन्नाथपुर अस्पताल में घंटो तक मरीज तड़पता रहा।जगन्नाथपुर प्रखंड क्षेत्र के जोड़ापोखर निवासी अनिल बालमुचु को सोमवार 10 बजे से बुखार की शिकायत थी।घरवालों द्वारा अनिल बालमुचु को अस्पताल नही लाकर घर में ही पूजा कराया गया। मंगलवार को बुखार ठीक नही हुआ तो जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में लाया। जहां प्रभारी चिकित्सक जयश्री किरण द्वारा अनिल बालमुचु की जांच की गई।अनिल बालमुचु का स्थिति नाजुक होने के कारण उसे जगन्नाथपुर समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से चाईबासा रेफर कर दिया गया। जगन्नाथपुर समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र 108 एम्बुलेंस नही होने से मरीज 2 घंटो से अधिक तड़पता रहा। 108 एम्बुलेंस बड़ी मस्कत से घंटे देर बाद आई। इसके बाद उसे चाईबासा सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। अनिल बालमुचू का हालत बहुत ही नाजुक है।
मालुम हो कि जगन्नाथपुर में 108 एम्बुलेंस कई दिनों से काम कर रहा था पर कुछ महीने से जगन्नाथपुर चिकित्सा प्रभारी के द्वारा अस्पताल आवास से 108 एंबुलेंस के ड्राइवर को हटा देने के कारण 108 एंबुलेंस और ड्राइवर चाईबासा चले गए हैं। आखिर क्यों ऐसा किया गया है यह जांच का विषय है। 108 एंबुलेंस नहीं रहने के कारण जगन्नाथपुर प्रखंड के लोगों को कई तरह के दिक्कत का सामना होना पड़ रहा है।कहीं भी दुर्घटना होता है तो जगन्नाथपुर अस्पताल में 108 एंबुलेंस नहीं रहने के कारण चाईबासा या तो हाटगम्हरिया से 108 आते हैं,जिसके कारण कई घंटे बाद 108 एंबुलेंस आती है तो आदमी की मौत हो जाती है।
आपको बताते चले की एक महीना के बाद सावन महीना शुरू होने वाला है।इस महीना में बारिश के दिनों में छोटी मोटी दुर्घटना होती रहती है।पिछले साल सावन के महीने में कांवरिया की गाड़ी पलट गई थी,जिसका 108 एंबुलेंस के द्वारा जगन्नाथपुर अस्पताल लाया गया था।अब 108 एंबुलेंस जगन्नाथपुर प्रखंड में नहीं रहने से कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
इस सबंध में चिकित्सा प्रभारी जयश्री किरण ने बताया कि 108 ड्राइवर के आवास में बिजली मीटर लगा देने के कारण वह लोग बिजली बिल नही देने के कारण आवास छोड़ दिया है।इस सबंध में बैठक की जा रही है।





