मऊ।घोसी से बसपा सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली पीड़िता की मंगलवार की सुबह दिल्ली में मौत हो गई।पुलिस और प्रशासन पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाते हुए दुष्कर्म पीडिता ने अपने एक साथी के साथ 16 अगस्त की सुबह सुप्रीम कोर्ट के सामने आत्मदाह करने की कोशिश की थी।शनिवार को दुष्कर्म पीडिता के साथी की मौत हो गई थी।डॉक्टरों के मुताबिक पीड़िता को बचाने की बहुत कोशिश हुई लेकिन सेप्टीसीमिया होने से उसकी हालत बिगड़ती चली गई थी।मंगलवार की सुबह साढ़े दस बजे के आसपास उसकी मौत हो गई।
बलिया जिले की रहने वाली पीड़िता ने दो साल पहले लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान वाराणसी के लंका थाने में अतुल राय के खिलाफ दुष्कर्म का आरोप लगाया और एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस ने जब अतुल राय पर शिकंजा कसा तो पहले भूमिगत हो गए और चुनाव जीतने के बाद आत्मसमर्पण कर दिया था।तब से सांसद नैनी जेल में बंद हैं।सांसद अतुल राय ने भी पीड़िता पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया और पीड़िता के साथ ही दुष्कर्म मामले में गवाही देने वाले गाजीपुर के सत्यम राय के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवा दिया।दोनों की गिरफ्तारी के लिए इसी महीने 2 अगस्त को वारंट भी जारी हुआ था।गिरफ्तारी का वारंट जारी होने से आक्रोशित होकर पीड़िता ने सत्यम राय के साथ फेसबुक लाइव कर बनारस के तत्कालीन एसएसपी अमित पाठक समेत कई अधिकारियों पर संगीन आरोप लगाए और मौत को गले लगाने की बात भी कही लेकिन पुलिस ने ध्यान नहीं दिया। 16 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट के सामने दोनों पहुंचे और फेसबुक लाइव करते हुए पेट्रोल छीड़ककर आग लगा ली। गंभीर हालत में दोनों को राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां शनिवार को सत्यम ने दम तोड़ दिया। मंगलवार की सुबह पीड़िता की भी मौत हो गई। सुप्रीम कोर्ट के सामने हुई आत्मदाह की घटना के बाद हरकत में आई यूपी सरकार ने वाराणसी के तत्कालीन एसएसपी अमित पाठक को उसी दिन गाज़ियाबाद डीआईजी के पद से हटा दिया। वाराणसी कैंट के एसओ और मामले की विवेचना कर रहे दरोगा को भी निलंबित कर दिया।दुष्कर्म के मामले की जांच के लिए एसआईटी भी बना दी गई है। इसमें डीजी और एडीजी स्तर के अधिकारियों को रखा गया है। दो हफ्ते में इनकी जांच रिपोर्ट आनी है। पीड़िता और उसका साथी कई बार फेसबुक लाइव कर सांसद अतुल राय, उनके समर्थकों पर सोशल मीडिया व अन्य माध्यम से लगातार धमकी देने का आरोप लगाते रहे। बीते साल नवंबर और दिसंबर में दोनों ने कई बार वीडियो जारी कर खुद को मानसिक रूप से प्रताड़ित किये जाने का आरोप लगाया था और जान देने की धमकी दी थी। यहां तक लिखा कि वाराणसी पुलिस ने उनके फोन को ब्लाक कर दिया है और उनकी सुनवाई नहीं हो रही है।दुष्कर्म के आरोपी अतुल राय से मिलकर पुलिस वाले उसका उत्पीड़न कर रहे हैं।





