विशेष संवाददाता,खूंटी।झारखंड संस्कार दीप के तत्वावधान में तुरबुल कामडारा में झारखंड सरकार के सौजन्य से अखड़ा उन्नयन एवं संवर्द्धन कार्यक्रम, जरियागढ परम्परा, संस्कृति एवं विरासत को बचाने रखने के लिए तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। अंतिम दिन सीमा देवी लोक गायिका सह झारखंड आन्दोलन कारी,मनी देवी,सलेन्द महतो, संगीता देवी,नंन्दराम लोहरा,शरदराज खेरवार,राम सेवक लोहरा, पेशावर कलाकारों के द्वारा रंगारंग कार्यक्रम किया गया। मुख्य रूप से कार्यक्रम जरियागढ के गुजेन्दर नाथ शाहदेव,, पद्मश्री मधु मनसुरी, हंसमुख, जरियागढ के ज्योतिन्दनाथ शाहदेव,विजयनाथ शाहदेव,पालकोट गढ़ के डाॅ. अजय नाथ शाहदेव उपस्थित होकर गढ़ की परम्परा से अवगत कराये।





उपस्थित लोगों को शपथ दिलाई कि पुराना परम्परा को अपनाकर ही जीवन शैली को सुधारा जा सकता है तथा सबको घर परिवार और समाज में प्रेम से जोड़ता है। जनप्रतिनिधि ने शपथ लिया कि अखड़ा उन्नयन एवं संवर्द्धन को पूर्ण रूप से गांव गांव में लागू करके अखड़ा परम्परा को नये सिरे से खड़ा करके नये पीढ़ी को पुरानी प्रथाओं के बारे में जानकारी दी जाय।