रांची।झारखंड मुक्ति मोर्चा ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और चुनाव आयोग की कार्रवाई को सुनियोजित बताया है। झामुमो ने कहा है कि भारतीय जनता पार्टी के सांसद डॉ निशिकांत दूबे का ट्वीट कार्रवाई से पहले आ रहा है और इससे जाहिर होता है कि केंद्रीय एजेंसियों की पूरी कार्रवाई सुनियोजित है। सभी पहलुओं को देखने से पता चलता है कि जांच एजेंसियां अपनी रिपोर्ट निशिकांत दूबे को दे रही हैं।





सोमवार को पार्टी कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए केंद्रीय कार्यसमिति सदस्य सुप्रियो भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि निशिकांत दूबे केंद्रीय एजेंसियों की कार्रवाई और फैक्ट फाइंडिंग की कार्रवाई को ट्वीट कर पहले बता रहे हैं।किसी अफसर के मोबाइल में कौन सा मैसेज है, किसका मैसेज किसको गया, उसका टेक्सट क्या है,यह भी बता रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसका मतलब हैै कि कहीं न कहीं ये एजेंसियां भाजपा सांसद को रिपोर्ट करती हैं।इस प्रकार पूरी तरह से लोकतंत्र को समाप्त करने की कोशिश की जा रही है।





सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि अगर सूचनाएं सार्वजनिक हो रही हैं,तो एजेंसियों को मौन नहीं रहना चाहिए और सांसद पर भी कार्रवाई होनी चाहिए।इस विषय पर हाइकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट को भी स्वत: संज्ञान लेना चाहिए।उन्होंने कहा कि ईडी जांच की कार्रवाई को लगभग एक पखवाड़ा बीत चुका है,लेकिन अभी तक मनरेगा घोटाला, मोमेंटम झारखंड घोटाला का कोई अधिकारिक बयान नहीं आया है।इससे साबित हो रहा है कि सोशल मीडिया पर मनगढ़ंत कहानी गढ़ी जा रही है। इसके पीछे के मास्टर माइंड को जनता बहुत जल्द बेनकाब करेगी। भाजपा पश्चिम बंगाल में एक महिला और झारखंड में एक आदिवासी मुख्यमंत्री को परेशान करने के लिए षड्यंत्र रच रही है।





गोड्डा के सांसद डॉ निशिकांत दूबे ने झामुमो नेता सुप्रियो भट्टाचार्य के प्रेसवार्ता का जवाब ट्वीट करके दिया है। उन्होंने कहा है कि झामुमो के सुप्रियो भट्टाचार्य की प्रेसवार्ता यह बताती है कि मैं रोज सही ट्वीट करता हूं और जोर का झटका धीरे से देता हूं,जो देखन में छोटन लगे पर घाव करे गंभीर की याद दिलाती है।