प्रतिनिधि,टंडवा (चतरा)। मंगलवार दोपहर अज्ञात कोलवाहन से हुई दुर्घटना मामले में आक्रोशित ग्रामीणों द्वारा समुचित मुआवजा की मांग को लेकर 24 घंटे तक बाधित कोल ट्रांसपोर्टिंग साढ़े पांच लाख नगद व एनटीपीसी के अधीनस्थ कंपनी में एक आश्रित को रोजगार देने की सहमति मिलने के बाद बुधवार दोपहर से परिचालन शुरू हो गया।
आपको बता दें तेज रफ्तार अज्ञात कोलवाहन द्वारा चपेट में लिए जाने के कारण आनंदी भुइयां गंभीर रूप से घायल होने के साथ हीं दोनों पैर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। वहीं बेहतर इलाज के लिए चिकित्सकों ने रांची के रिम्स रेफर कर दिया था। दूसरी तरफ आक्रोशित ग्रामीणों द्वारा समुचित मुआवजे की मांग पर कार्यरत जय अम्बे,एनकेएएस, ऋत्विक व आरकेटीसी कोल ट्रांसपोर्टरों में आपसी सहमति नहीं बन पा रहा था।जिसपर ग्रामीणों के कठोर तेवर देखते हुए सीओ विजय दास, इंस्पेक्टर रंजीत रौशन, एसआई अभिनव आनंद,मुखिया पति सुभाष दास के पहल पर ट्रांसपोर्टर्स संयुक्त रुप से मुआवजा देने के लिए राजी हुए। अज्ञात कोलवाहन की अबतक पहचान नहीं दुर्घटना के बाद फरार अज्ञात कोलवाहन की अबतक पहचान नहीं होना औद्योगिक क्षेत्र के सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान लगा दिया है।जबकि, शिनाख्त नहीं होने के कारण जहां ट्रांसपोर्टरों ने अपनी जबाबदेही लेने में 24 घंटे का वक्त ले लिए जिससे ग्रामीणों को सड़क पर भारी मशक्कत भी करना पड़ा।देखा जाए तो कोल वाहनों से होने वाले दुर्घटनाओं में समरुप मुआवजा नीति लागू करने की मांग वर्षों से की जा रही है बावजूद प्रबंधन, प्रशासन व जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण ठंढे़ बस्ते में डाल दिया जाता है, जिससे इस मामले को लेकर लोगों में आक्रोश पनपना लाज़िमी है।





