वाराणसी।उत्तर प्रदेश के वाराणसी में पिछले दिनों रोहनिया थाना क्षेत्र में दरोगा को गोली मारकर पिस्टल लूटने वाले बदमाशों और कमिश्नरेट पुलिस के बीच सोमवार की सुबह बड़ागांव इलाके में मुठभेड़ हो गई।रिंग रोड किनारे तड़के हुई मुठभेड़ में पुलिस और बदमाशों के बीच जमकर गोलियां चलीं।मुठभेड़ में दो बदमाश मारे गए और तीसरा मौके से भागने में कामयाब रहा।घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस कमिश्नर ए.सतीश गणेश और कई थानों की पुलिस भी घटनास्‍थल पर पहुंची।वाहनों का आवागमन भी पूरी तरह रोक दिया गया और जांच किए जाने तक मीडिया समेत किसी भी बाहरी व्‍यक्‍ति को वहां पर जाने नहीं दिया गया।





पुलिस ने बदमाशों के पास से एक 9 एमएम पिस्टल और एक 32 बोर का पिस्टल,एक अपाचे बाइक,मोबाइल फोन और जरूरी कागजात बरामद किए हैं। बदमाशों ने लक्सा थाने में तैनात दरोगा अजय कुमार पर कुछ दिन पहले ही जानलेवा हमला कर उनकी पिस्टल लूट ली थी।इसके बाद से ही पुलिस को बदमाशों की तलाश थी।





मुखबिर की सूचना पर की गई घेराबंदी





पुलिस कमिश्नर ए सतीश गणेश ने बताया कि मुखबिर की सूचना पर बड़ागांव पुलिस और क्राइम ब्रांच की टीम ने बड़ागांव थाना क्षेत्र के रिंग रोड पर घेराबंदी की थी।पुलिस की घेराबंदी को तोड़कर बदमाश भागने लगे और पुलिस टीम पर फायर कर दिए। बदमाशों की एक गोली शिव बाबू नामक आरक्षी को लगी। उसके बाद पुलिस द्वारा भी जवाबी फायर किया गया। भेलखां गांव में पहुंचने पर बदमाश रिंग रोड से नीचे उतर कर गांव की तरफ बाइक से भागने लगे।रिंग रोड से सटा रास्‍ता कच्‍चा था और वहीं बदमाशों की बाइक फिसलकर गिर गई। उसके बाद पुलिस टीम पर फायर करते हुए बदमाश पैदल ही भागने लगे।





दोनों तरफ से चलती रही गोलियां





सीपी ने बताया कि पैदल भाग रहे दोनों बदमाश एक खेत में चले गए।खेत में कुछ दिन पूर्व ही पानी भरा गया था। ऐसे में बदमाशों का पैर उसमें फंसने लगा। इसी बीच पुलिस की गोली लगने के बाद दोनों बदमाश घायल हो गए। उनके पास पहुंची पुलिस टीम उन्‍हें पकड़ने के साथ ही तत्‍काल एंबुलेंस को सूचना दी। दोनों बदमाशों को पंडित दीनदयाल राजकीय चिकित्सालय में पहुंचाया गया जहां चिकित्सकों द्वारा उनके मौत की पुष्टि कर दी गई।बदमाशों के कब्जे से बरामद 9 एमएम पिस्टल दरोगा वाली ही निकली। नौ नवंबर को तीन बदमाशों ने लक्सा थाने में तैनात दरोगा को गोली मारी थी और पिस्टल लूट कर भाग गए थे।





सगे भाई हैं पुलिस मुठभेड़ में मारे गए दोनों बदमाश





पुलिस मुठभेड़ में मारे गए दोनों बदमाश रजनीश सिंह और मनीष सिंह सगे भाई हैं।इनका तीसरा भाई लल्लन सिंह पुलिस को चकमा देकर भाग गया।तीनों हत्या और लूट की घटनाओं को अंजाम देने में माहिर हैं।तीनों बदमाश बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहद्दीनगर थाना के गोलवा गांव के है।







बदमाशों को पाताल से भी ढूंढ़ निकालेंगे





उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक डॉक्टर डीएस चौहान ने कहा कि हमारे बहादुर सब इंस्पेक्टर अजय यादव को गोली मारकर उसका सर्विस पिस्टल लूटने वाले मुठभेड़ में मारे गए हैं।हमने उन बदमाशों के लिए ऑपरेशन पाताल लोक चलाया था। हमने तय कर लिया था कि उन बदमाशों को पाताल से भी ढूंढ़ निकालेंगे। मारे गए दोनों बदमाश समस्तीपुर बिहार के रहने वाले हैं। दोनों सगे भाई थे। ये तीनों बदमाश बिहार में ज्यूडिशियल कस्टडी से भागे थे। ये बदमाश बिहार में दो पुलिसकर्मियों की हत्या कर चुके थे। बिहार में तीन पुलिसकर्मियों के सरकारी असलहे लूट चुके थे।दो बैंक डकैती के दौरान पांच आम नागरिकों को भी मार चुके थे।





मुठभेड़ करने वाली टीम को दो लाख रुपए का ईनाम





डीजीपी ने कहा कि हमने अपनी स्ट्रेटजी के तहत इन्हें वाराणसी से निकलने नहीं दिया।हमारे दरोगा की लूटी हुई पिस्टल बरामद हो गई है।मारे गए बदमाशों से एक देसी पिस्टल भी मिली है।वाराणसी पुलिस कमिश्नर और उनकी टीम ने बेहतरीन काम किया है। मुठभेड़ वाली टीम को मेरी तरफ से दो लाख रुपए के ईनाम की घोषणा की गई है।डीजीपी ने कहा ये नया उत्तर प्रदेश है जहां अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है।मैं यूपी की जनता को सुरक्षा का भरोसा दिलाता हूं।





दोनों ने 11 साल पहले अपराध की दुनिया में कदम रखा था





मिली जानकारी के‌ अनुसार दोनों भाइयों ने 11 साल पहले अपराध की दुनिया में कदम रखे था।इन दोनों के अलावा इनके दो अन्य भाई और इनका पिता भी अपराध से जुड़ा है।चारों भाई कम समय में बहुत अमीर बनना चाहते थे।जिसके कारण उन्होंने अपराध की दुनिया में कदम रखा था। 11 साल पहले इन लोगों पर समस्तीपुर के मोहिद्दीनगर थाने में लूट का मुकदमा दर्ज हुआ था।इसके बाद चारों एक के बाद एक वारदात को अंजाम देने लगे। हत्या और सरकारी असलहे लूटने के साथ ही बैंक से पैसा लूटते थे।चारों भाई और उनका गिरोह पूरे बिहार में कुख्यात है।पटना के बाढ़ कोर्ट परिसर से 7 सितंबर 2022 को फरार हो ग‌ए थे।छह मार्च 2017 को बेलछी थाना क्षेत्र के बाघाटिलहा गांव के पास पीएनबी बैंक की शाखा से दिनदहाड़े 60 लाख रुपए लूटने के मामले में तीनों भाई आरोपित थे।उस लूटकांड में बैंक के गार्ड योगेश्वर पासवान, सुरेश सिंह और चालक अजित यादव की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।