रांची। हिंदुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक एके गुप्ता के इस्तीफा देने के बाद इनकी जगह राष्ट्रीय केमिकल एवं फर्टिलाइजर लिमिटेड के चेयरमैन श्रीनिवासन सी मुदगेरिकर को हर्ल का नया प्रबंध निदेशक बनाया गया है।पिछले दिनों गुप्ता ने एमडी के पद से इस्तीफा दिया था।





जानें क्या है मामला





पिछले दिनों केंद्रीय रसायन और उर्वरक सचिव ने हिंदुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड के गोरखपुर उर्वरक संयंत्र का दौरा किया था।उसी दौरान निर्माण कार्य की शिथिलता को लेकर उन्होंने निवर्तमान एमडी एके गुप्ता से सवाल पूछे गये थे।इसी दौरान केंद्रीय रसायन और उर्वरक सचिव तथा निवर्तमान एमडी के बीच विवाद सतह पर आ गया था।गोरखपुर दौरे से वापस लौटते ही एमडी एके गुप्ता ने इस्तीफा दे दिया था।उनके इस्तीफे के एक सप्ताह के बाद इस सप्ताह में केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्रालय ने उनका इस्तीफा स्वीकार कर लिया और नये प्रबंध निदेशक की नियुक्ति कर दी।





सिंदरी और बरौनी उर्वरक संयंत्र कराना प्रमुख चुनौती





आपको बता दें कि हर्ल के नये प्रबंध निदेशक श्रीनिवासन सी मुदगेरिकर को वर्ष 2019 में राष्ट्रीय केमिकल एवं फर्टिलाइजर लिमिटेड का चेयरमैन बनाया गया था। इनके पास सप्लाई चेन मैनेजमेंट का अनुभव है। श्रीनिवासन भारतीय रेलवे यातायात सेवा में अधिकारी के रूप में लंबे समय तक काम कर चुके है। हर्ल का एमडी इन्हें कठिन परिस्थितियों में बनाया गया है।सिंदरी और बरौनी उर्वरक संयंत्र का निर्माण कार्य पूरा करने व उत्पादन शुरू करने की चुनौती इनके सामने होगी।