जमशेदपुर।अलकायदा का संदिग्ध आतंकी अब्दुल रहमान कटकी पर गुरुवार को एडीजे-1 की अदालत में आरोप तय हो गया। मामले की अगली सुनवाई 18 फरवरी को होगी।वर्चुअल कोर्ट होने के कारण कटकी को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से ओडिशा के जेल से पेश किया गया।

आरोप गठन की प्रक्रिया में अदालत ने कटकी से पूछा कि क्या वह दोषी है तो उस पर कटकी खुद को निर्दोष बताया।उसने कहा कि इस केस में उसे झूठे आरोप लगाकर फंसाया गया है। इसके बाद आरोप गठन की प्रक्रिया पूरी करते हुए दूसरी तिथि में पेश होने का आदेश कोर्ट ने दिया। इस मामले में कोर्ट के द्वारा गंभीरता अपनाते हुए यह प्रक्रिया अपनायी गयी।

जानें क्या है मामला

आपको बता दें कि 18 जनवरी 2016 को सामी की दिल्ली की स्पेशल सेल ने हरियाणा के मेवात से गिरफ्तार की थी।सामी की गिरफ्तारी अब्दुल रहमान कटकी की गिरफ्तारी के बाद की गई थी। इन पर आरोप है कि ये अलकायदा के इंडियन सब-कांटीनेंट (एक्यूआईएस) के सदस्य हैं और भारत में आतंकी गतिविधियों को संचालित करने के लिए युवाओं को एक्यूआईएस में शामिल कर रहे थे।

25 जनवरी 2016 को ही जमशेदपुर में पुलिस ने उसके साथी मसूद, राजू उर्फ नसीम कघ धतकीडीह और मानगो से गिरफ्तारी की थी। दोनों जमशेदपुर के घाघीडीह जेल में हैं, जबकि गिरफ्तारी के बाद से ही सामी और अब्दुल रहमान कटकी को दिल्ली के तिहाड़ जेल में रखा गया। कटकी का केस ओडिशा के कटक में होने के चलते उसे कटक जेल ले जाया गया है। मामले की जांच झारखंड का आतंकवादी निरोधक दस्ता कर रहा है।

बचाव पक्ष के अधिवक्ता दिलीप महतो के अनुसार मवक्किल अब्दुल रहमान कटकी पर आरोप गठन की प्रक्रिया अपनायी गयी है। उसे वीसी के माध्यम से कटक की जेल से पेश किया गया। उसने खुद को इस मामले में निर्दोष बताया है।