रांची।झारखंड की राजधानी रांची में पेयजल संकट के हालात का अंदाजा वार्ड-39 के सखुआ बागान बस्ती के लोगों को देखकर लगाया जा सकता हैं।यहां लगभग 100 परिवार पिछले पांच महिने से हर रोन पानी के लिए मशक्कत कर रहे हैं।हालात ये हैं कि नगर निगम की ओर से हर दूसरे दिन इस बस्ती में टैंकर से पानी की आपूर्ति हो रही है।जब भी टैंकर के आने की सूचना मिलती है लोग खाना छोड़कर पानी के लिए दौड़ पड़ते हैं।जिससे बस्तीवाले अपनी रोजमर्रा का काम कर रहे हैं।

बस्ती वालों का कहना है कि निगम ने पानी की सुविधा के लिए बोरिंग कराई गई है,लेकिन महीनों से मोटर खराब पड़ा है।इससे पानी के लिए पूरी तरह से निगम के टैंकर पर आश्रित हो गए हैं।कई लोग तो लगभग डेढ़ किलोमीटर दूर धुर्वा बस स्टैंड के पास से पानी लाते हैं। यही हाल वार्ड-39 के आदर्श नगर का भी है।यहां भी जलसंकट की हालत है। यहां भी लोग सुबह से ही टैंकर का इंतजार करते रहते हैं।

सखुआ बागान बस्ती के लोगों को पानी की किल्लत न हो इसके लिए निगम की ओर से बोरिंग करवाकर पानी की टंकी लगाई गई है।जहां से बस्ती के लिए उपयोग के लिए पानी भरते थे,लेकिन लोगों के मुताबिक पिछले पांच महीने से मोटर खराब होने के कारण से उनकी परेशानी बढ़ गई है। लोगों का कहना है कि कई बार इसकी शिकायत निगम से की गई,लेकिन अब तक इसे ठीक नहीं किया गया है।धुर्वा स्थित जेपी मार्केट के पीछे बसे इस बस्ती में करीब 400 परिवार के लोग रहते हैं। हालांकि कुछ इलाकों में हैंडपंप लगाए गए हैं, लेकिन आबादी और पानी की जरूरत के हिसाब से यह नाकाफी है।

बस्ती के लोगों ने सुनाई पीड़ा

बस्ती में रहने वाली सुभद्रा देवी का कहना है कि पानी की बहुत दिक्कत है।हर दूसरे दिन निगम का टैंकर आता है।जिस दिन टैंकर आने वाला होता है, सुबह से ही हमलोग इंतजार करते हैं। पानी के बिना कोई भी काम नहीं होता है। निगम को हमारी समस्या पर ध्यान देना चाहिए।

मुस्कान ने कहा कि यहां बोरिंग कराया गया है,लेकिन कुछ महीनों से मोटर नहीं चल रहा है।कई बार शिकायत किए, लेकिन मरम्मत नहीं हुआ। अगर इसकी मरम्मत हो जाती तो परेशानी काफी कम हो जाती।

साहेब कुमार यादव का कहना है कि पानी भरने के लिए लोगों का नंबर लग जाता है।पूरे वार्ड में एक टैंकर होने के कारण रोजाना पानी की आपूर्ति नहीं कर पाते हैं। हाईड्रेंट में पानी भरने के लिए लंबी लाइनहोती है। इसमें काफी समय लग जाता है।

आकाश कुमार का कहना है कि घर का सारा काम इसी पानी से करते हैं। अगर किसी कारणवश टैंकर नहीं आएगा तो काफी परेशानी हो जाएगी। पीने के लिए खरीदकर पानी लाते हैं।