झारखंड की राजधानी रांची के हाई सिक्योरिटी जोन मोरहाबादी में गुरुवार को गैंगवार की घटना हुई थी। इस घटना में शामिल दो शूटर ज्ञान रंजन और आशू को रांची पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।शूटरों पास से एक पिस्टल, एक देसी कट्टा और गोली बरामद हुई है।दोनों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है।जानकारी के मुताबिक इनकी गिरफ्तारी कोडरमा और रामगढ़ इलाके से हुई। दोनों शूटर मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं और लवकुश शर्मा गिरोह से जुड़े हैं। गैंगवार की इस घटना में कुख्यात कालू लामा मारा गया था ।

पुलिस को दोनों शूटरों ने बताया कि घटना को अंजाम देने के लिए लवकुश शर्मा और सोनू शर्मा ने उन्हें रांची बुलाया था। घटना से पहले कालू की रेकी की गई। इसके बाद गोली मारी गई।पुलिस ने राजू चोटी और बिट्टू खान को हिरासत में लिया है।

मोरहाबादी मैदान के पास हुई गैंगवार की घटना का सीसीटीवी फुटेज वायरल हुआ था। इस फुटेज के आधार पर पुलिस की टीम ने गुप्तचरों की मदद से अपराधियों की पहचान शुरू की। आसपास के जिलों की पुलिस से भी संपर्क किया गया। इसके बाद दोनों को पुलिस की टीम ने छापेमारी कर गिरफ्तार किया। सीसीटीवी फुटेज में दोनों का चेहरा साफ दिख रहा था।गैंगवार की घटना को अंजाम देने और लामा की रेकी करने वाले कई अपराधियों की भी गिरफ्तारी की भी सूचना है,लेकिन पुलिस ने अभी तक सभी के नामों का खुलासा नहीं किया है।

राजधानी रांची के हाई सिक्योरिटी जोन में हुई गैंगवार के बाद रांची के सीनियर एसपी सुरेंद्र झा के निर्देश पर चार विशेष टीमें बनाई गई थीं, जो अपराधियों की खोज में लगी हुई थी। उसी टीम में से एक को ज्ञानरंजन और आशु की गिरफ्तारी में सफलता मिली है।

मोरहाबादी मैदान के पास हुए गैंगवार के दौरान कुख्यात अपराधी कालू लामा हत्याकांड के मामले का सीसीटीवी फुटेज वायरल हुआ था। इस फुटेज के आधार पर पुलिस की टीम ने गुप्तचरों की मदद से अपराधियों की पहचान शुरू की।आसपास के जिलों की पुलिस से भी संपर्क किया गया। इसके बाद लवकुश शर्मा गिरोह के शूटर अपराधी ज्ञान रंजन और आशू को पुलिस ने एक पिस्टल, एक देसी कट्टा और गोली के साथ गिरफ्तार किया। इस दोनों की पहचान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज में चेहरा देखकर की।

आपको बता दें कि गुरुवार को दिन में दो बजे कालू लामा उसका भाई राजू लामा और साथी शुभम विश्वकर्मा कार में करमटोली से लौटकर मोरहाबादी मैदान के पास से गुजर रहे थे। इसी दौरान मोरहाबादी मैदान के पास दो बाइक पर सवार पांच अपराधियों ने कालू व उसके साथियों पर अंधाधुंध फायरिंग की। इस घटना में कालू लामा मारा गया, जबकि उसका भाई राजू और शुभम को बांह व पैर में गोली लगने से घायल हो गया।

मोरहाबादी में फुटपाथ पर लगने वाली दुकानों को रविवार को तीसरे दिन भी नहीं हटाया जा सका। इसके लिए कई तकनीकी कारण रांची जिला पुलिस और प्रशासन के सामने मौजूद रहे। रांची जिला प्रशासन ने कार्रवाई से पहले मैदान परिसर में अतिक्रमण को लेकर रांची अंचल कार्यालय के जरिए मापी कराई थी। इसकी रिपोर्ट 48 घंटे में मिलेगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई होगी।