बंगाल की खाड़ी में बने नए मौसमी तंत्र (Weather System) के कारण देश भर में मानसून ने एक बार फिर विकराल रूप ले लिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ओडिशा और छत्तीसगढ़ के लिए रेड अलर्ट जारी करते हुए मूसलाधार बारिश, बिजली गिरने और भीषण जलभराव की चेतावनी दी है। इसके अलावा, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश समेत देश के 19 राज्यों में भारी बारिश, तेज हवाओं और भूस्खलन (Landslide) का अलर्ट जारी किया गया है।

10 राज्यों के प्रमुख शहरों में कल (31 अगस्त) के मौसम का हाल:

ओडिशा (रेड अलर्ट)

  • भुवनेश्वर व कटक: मूसलाधार बारिश और तूफान के कारण निचले इलाकों में भीषण जलभराव और बाढ़ जैसे हालात संभव।
  • बालासोर व संबलपुर: तेज हवाओं के साथ अति भारी वर्षा, फ्लैश फ्लड और वज्रपात की गंभीर चेतावनी।

छत्तीसगढ़ (रेड अलर्ट)

  • रायपुर व बिलासपुर: अत्यंत भारी बारिश से सड़कों पर पानी भरने और जनजीवन प्रभावित होने की आशंका।
  • दुर्ग व अंबिकापुर: पहाड़ियों के निकट तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश और बिजली गिरने का जोखिम।

उत्तराखंड व हिमाचल प्रदेश (ऑरेंज / येलो अलर्ट)

  • देहरादून व नैनीताल: भारी बारिश के कारण पर्वतीय मार्गों पर लैंडस्लाइड और नदियों के उफान पर रहने का अलर्ट।
  • शिमला, मनाली व धर्मशाला: ढलानों पर भूस्खलन से यातायात बाधित होने और खड्डों में जलस्तर बढ़ने की संभावना।

बिहार व झारखंड (ऑरेंज अलर्ट)

  • पटना व रांची: लगातार बहुत भारी बारिश से शहरी जलभराव और तेज वज्रपात (बिजली गिरने) की आशंका।
  • भागलपुर, जमशेदपुर व लातेहार: नदियों के जलस्तर में वृद्धि, रुक-रुक कर भारी वर्षा और फ्लैश फ्लड का खतरा।

उत्तर प्रदेश व पश्चिम बंगाल

  • लखनऊ, वाराणसी व गोरखपुर: मध्यम से भारी बारिश, बादलों की गड़गड़ाहट और निचले इलाकों में जलजमाव।
  • कोलकाता व दीघा: तेज हवाओं के साथ भारी बारिश का अनुमान; मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह।
  • सिलीगुड़ी: पहाड़ी क्षेत्रों में भारी बारिश से लैंडस्लाइड की स्थिति।

दिल्ली-एनसीआर, मध्य प्रदेश व असम

  • दिल्ली-एनसीआर (नई दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम): आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे, दिन में धूप और उमस भरी गर्मी रहेगी। बारिश की संभावना काफी कम है।
  • भोपाल, जबलपुर व सतना: मध्यम से भारी वर्षा और बिजली कड़कने का अनुमान।
  • गुवाहाटी व डिब्रूगढ़: मूसलाधार बारिश के चलते ब्रह्मपुत्र नदी के जलस्तर और शहरी जलभराव पर नजर रखी जा रही है।