भोपाल:
स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल स्थित प्रसिद्ध बोट क्लब पर देशभक्ति के अभूतपूर्व रंगों का संगम देखने को मिला। 13 अगस्त को 'मेरा रंग दे बसंती चोला' की गूंज और भारत माता के जयकारों के बीच एक ऐतिहासिक विशाल 'नौका तिरंगा यात्रा' का आयोजन किया गया। इस दौरान कयाकिंग और कनोइंग के युवा खिलाड़ियों ने बड़े तालाब में वाटर-स्पोर्ट्स के हैरतअंगेज करतब दिखाए और देश का पहला 'फ्लोटिंग तिरंगा' बनाकर इतिहास रच दिया।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग की मौजूदगी में इस तिरंगा यात्रा का भव्य शुभारंभ किया और खुद भी नौका में सवार होकर प्रदेशवासियों को देश सेवा का संदेश दिया।
मध्य प्रदेश में लागू होगा समान नागरिक संहिता (UCC)
नौका तिरंगा यात्रा का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक ऐतिहासिक और बड़ी घोषणा की। उन्होंने ऐलान किया कि मध्य प्रदेश में समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code - UCC) लागू किया जा रहा है।
इस निर्णय पर खुशी जताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, "उत्तराखंड के बाद मध्य प्रदेश इस क्रांतिकारी कदम को उठाने वाला देश का बड़ा राज्य बन गया है। अब राज्य में किसी भी व्यक्ति के साथ धर्म के आधार पर कोई भेदभाव नहीं होगा। चाहे हिंदू हो, मुस्लिम हो, सिख, ईसाई या पारसी—सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून लागू होगा, जिससे समानता का पवित्र भाव स्थापित होगा।"
जल में तिरंगे का अभूतपूर्व रोमांच
बोट क्लब पर धरती, जल और नभ—तीनों ही दिशाएं तिरंगे के रंगों में रंगी नजर आईं। खिलाड़ियों ने केनो-सलालम शो के माध्यम से राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी।
खिलाड़ियों के अदम्य साहस और कौशल की सराहना करते हुए सीएम डॉ. यादव ने कहा कि चट्टानी लहरों के बीच हमारे युवा खिलाड़ियों का यह रोमांच और संकल्प शक्ति यह सिद्ध करती है कि भारत अपनी पूर्ण क्षमता और समर्थ के साथ समृद्धि के मार्ग पर अग्रसर है। आज पूरी दुनिया देख रही है कि नौका के माध्यम से भी इतनी भव्य तिरंगा यात्रा निकाली जा सकती है।
'अमृत काल की ओर बढ़ता सामर्थ्यवान भारत'
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत दुनिया का सबसे युवा और सामर्थ्यवान देश है। हमारी तीनों सेनाओं और देश के नागरिकों ने अभूतपूर्व क्षमता हासिल की है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा कि हमारा देश सर्वशक्तिमान बने और हम सभी एकजुट होकर प्रधानमंत्री के नेतृत्व में अमृत काल के संकल्पों को पूरा करें।





