रांची: झारखंड में लंबे समय से चल रहे छात्र आंदोलन का आखिरकार एक सुखद और न्यायपूर्ण अंत हो गया है। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन द्वारा सोमवार देर रात झारखंड स्टाफ सेलेक्शन कमीशन-कंबाइंड ग्रेजुएट लेवल (JSSC-CGL) परीक्षा और निजी एजेंसी TDPL द्वारा आयोजित सभी परीक्षाओं को रद्द करने का ऐतिहासिक ऐलान किया गया।

इस निर्णय के आते ही रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम सहित पूरे राज्य के प्रतियोगी परीक्षार्थियों में जश्न का माहौल बन गया।

छात्रों की दृढ़ता और सरकार के विवेकपूर्ण निर्णय की सराहना

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए इसे छात्रों के धैर्य और लोकतंत्र की जीत करार दिया। सोशल मीडिया पर अपना संदेश साझा करते हुए उन्होंने लिखा कि झारखंड सरकार और छात्रों के बीच संवाद से निकला यह समाधान अत्यंत सराहनीय है।

"राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और झारखंड सरकार ने बातचीत का रास्ता चुना और समाधान निकाला। छात्रों ने संयम रखा और अपनी बात मनवाई—यही सही तरीका है। अगर छात्र सवाल पूछें, तो उन्हें जवाब मिलना ही चाहिए।" — राहुल गांधी, नेता प्रतिपक्ष (लोकसभा)

राहुल गांधी ने देश के युवाओं को आश्वस्त करते हुए कहा कि वे हर छात्र के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने परीक्षा तंत्र में व्याप्त खामियों और 'वसूली व्यवस्था' को जड़ से समाप्त करने की प्रतिबद्धता जताई, ताकि प्रत्येक छात्र को उसकी मेहनत का निष्पक्ष फल मिल सके।

16वें दिन खत्म हुआ अनशन, नेताओं का व्यक्त किया आभार

झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो, राहुल क्रांति और उम्मे हबीबा ने सदर अस्पताल में झारखंड सरकार की मंत्री दीपिका पांडे सिंह एवं मंत्री इरफान अंसारी की गरिमामयी उपस्थिति में अपना 16 दिनों से जारी उपवास समाप्त किया।

छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा:

  • संवाद से समाधान: "16 दिनों की अनवरत भूख हड़ताल के बाद आज अत्यंत सम्मानजनक स्थिति में आंदोलन समाप्त हुआ है।"
  • सराहनीय पहल: "राज्य सरकार ने जो संवेदनशीलता और बड़ा दिल दिखाया है, उसके लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और कांग्रेस नेता राहुल गांधी का सहृदय धन्यवाद।"
  • दूरगामी कदम: "यह निर्णय आसान नहीं था, लेकिन सरकार के इस ऐतिहासिक कदम की सराहना देश ही नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर हो रही है।"

परीक्षा रद्द होने और पारदर्शी प्रक्रिया का आश्वासन मिलने से राज्य भर के परीक्षार्थियों में एक नया विश्वास और उत्साह देखने को मिल रहा है।